Krutidev 55 to Unicode font converter needed

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Prashant Naik

unread,
Mar 4, 2018, 12:17:55 AM3/4/18
to technic...@googlegroups.com
Hi

I am in desperate need of good accurate Kruti dev 55 to Unicode font converter.  I used below two links but result is not perfect with mistakes such as षिक्षकांचे अेक षांत पुरुश, विष्वास, etc

http://wrd.bih.nic.in/font_KtoU.htm

https://unicode-to-krutidev-to-unicode.blyogspot.in/

 

Please advise good converter/program.

 

Thank you.

Prashant

Anunad Singh

unread,
Mar 4, 2018, 3:38:55 AM3/4/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
कृतिदेव ५५ का नाम शायद पहली बार सुनने को मिल रहा है। यह कृतिदेव-10 से कुछ भिन्न होगा।

आप कृपया कृतिदेव ५५ का दो-तीन पेज का टेक्स्ट भेजें तो हम इसके लिए परिवर्तक बनाने का यत्न करेंगे।

Narayan Prasad

unread,
Mar 4, 2018, 3:41:36 AM3/4/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
और साथ में कृतिदेव 55 फ़ोंट भी ।

2018-03-04 14:08 GMT+05:30 Anunad Singh <anu...@gmail.com>:
कृतिदेव ५५ का नाम शायद पहली बार सुनने को मिल रहा है। यह कृतिदेव-10 से कुछ भिन्न होगा।

आप कृपया कृतिदेव ५५ का दो-तीन पेज का टेक्स्ट भेजें तो हम इसके लिए परिवर्तक बनाने का यत्न करेंगे।

--
आपको यह संदश इसलिए मिला है क्योंकि आपने Google समूह के "Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)" समूह की सदस्यता ली है.
इस समूह की सदस्यता समाप्त करने और इससे ईमेल प्राप्त करना बंद करने के लिए, technical-hindi+unsubscribe@googlegroups.com को ईमेल भेजें.
अधिक विकल्पों के लिए, https://groups.google.com/d/optout में जाएं.

V S Rawat

unread,
Mar 4, 2018, 5:14:50 AM3/4/18
to technic...@googlegroups.com
कृतिदेव 55 फ़ोंट तो यह रही।

मुझे कनवर्टर की ज़रूरत नहीं है, लेकिन फ़ॉण्ट मेरे पास थी तो भेज दी।

किसी के काम आएगी.

रावत

On 3/4/2018 2:11 PM, Narayan Prasad wrote:
> और साथ में कृतिदेव 55 फ़ोंट भी ।
>
> 2018-03-04 14:08 GMT+05:30 Anunad Singh <anu...@gmail.com
> <mailto:anu...@gmail.com>>:
>
> कृतिदेव ५५ का नाम शायद पहली बार सुनने को मिल रहा है। यह कृतिदेव-10 से कुछ
> भिन्न होगा।
>
> आप कृपया कृतिदेव ५५ का दो-तीन पेज का टेक्स्ट भेजें तो हम इसके लिए परिवर्तक बनाने
> का यत्न करेंगे।
>
> --
> आपको यह संदश इसलिए मिला है क्योंकि आपने Google समूह के "Scientific and
> Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)" समूह की सदस्यता ली है.
> इस समूह की सदस्यता समाप्त करने और इससे ईमेल प्राप्त करना बंद करने के लिए,
> technical-hin...@googlegroups.com
> <mailto:technical-hin...@googlegroups.com> को ईमेल भेजें.
> अधिक विकल्पों के लिए, https://groups.google.com/d/optout
> <https://groups.google.com/d/optout> में जाएं.
>
>
> --
> आपको यह संदश इसलिए मिला है क्योंकि आपने Google समूह के "Scientific and
> Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)" समूह की सदस्यता ली है.
> इस समूह की सदस्यता समाप्त करने और इससे ईमेल प्राप्त करना बंद करने के लिए,
> technical-hin...@googlegroups.com
> <mailto:technical-hin...@googlegroups.com> को ईमेल भेजें.
K055.TTF

V S Rawat

unread,
Mar 4, 2018, 5:16:30 AM3/4/18
to technic...@googlegroups.com
कृतिदेव के 010 से 740 तक फ़ॉण्ट तो मैंने सुने हैं,
इनमें से क़रीब 311 फ़ॉण्ट तो मेरे पास हैं।

बाकी कौन से हैं कौन से नहीं, ये पता नहीं।

किसी को कोई चाहिए हो, तो निःसंकोच बोल दीजिएगा।

रावत

V S Rawat

unread,
Mar 4, 2018, 5:17:24 AM3/4/18
to technic...@googlegroups.com, Prashant Naik
आपका पाठ मराठी भाषा में है क्या?

रावत

On 3/4/2018 10:26 AM, Prashant Naik wrote:
> Hi
>
> I am in desperate need of good accurate Kruti dev 55 to Unicode font
> converter.I used below two links but result is not perfect with mistakes
> such as षिक्षकांचेअेकषांतपुरुश, विष्वास, etc
>
> http://wrd.bih.nic.in/font_KtoU.htm
>
> https://unicode-to-krutidev-to-unicode.blyogspot.in/
>
> Please advise good converter/program.
>
> Thank you.
>
> Prashant
>

Nirmal Verma

unread,
Mar 4, 2018, 5:18:40 AM3/4/18
to technical-hindi
Krutidev 55 is generally used to type Marathi and our friends from Maharastra may have its converter available. 

Nirmal

On Mar 4, 2018 3:44 PM, "V S Rawat" <vsr...@gmail.com> wrote:
कृतिदेव 55 फ़ोंट तो यह रही।

मुझे कनवर्टर की ज़रूरत नहीं है, लेकिन फ़ॉण्ट मेरे पास थी तो भेज दी।

किसी के काम आएगी.

रावत

On 3/4/2018 2:11 PM, Narayan Prasad wrote:
और साथ में कृतिदेव 55 फ़ोंट भी ।

2018-03-04 14:08 GMT+05:30 Anunad Singh <anu...@gmail.com <mailto:anu...@gmail.com>>:

    कृतिदेव ५५ का नाम शायद पहली बार सुनने को मिल रहा है। यह कृतिदेव-10 से कुछ
    भिन्न होगा।

    आप कृपया कृतिदेव ५५ का दो-तीन पेज का टेक्स्ट भेजें तो हम इसके लिए परिवर्तक बनाने
    का यत्न करेंगे।

    --     आपको यह संदश इसलिए मिला है क्योंकि आपने Google समूह के "Scientific and
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    <mailto:technical-hindi+unsubscr...@googlegroups.com> को ईमेल भेजें.

    अधिक विकल्पों के लिए, https://groups.google.com/d/optout
    <https://groups.google.com/d/optout> में जाएं.


--
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अधिक विकल्पों के लिए, https://groups.google.com/d/optout में जाएं.

--
आपको यह संदेश इसलिए प्राप्त हुआ क्योंकि आपने Google समूह "Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)" समूह की सदस्यता ली है.
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Prashant Naik

unread,
Mar 4, 2018, 5:38:21 AM3/4/18
to technic...@googlegroups.com
Kruti dev 055 is a Marathi font.  I wish to convert this to Unicode.
Attached font and sample pages.

Thank you for the support and prompt responses.

Regards,
Prashant
Krutidev_055.TTF
CHARU NO. 30.docx

Narayan Prasad

unread,
Mar 4, 2018, 6:44:51 AM3/4/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
<< result is not perfect with mistakes such as षिक्षकांचे अेक षांत पुरुश, विष्वास, etc >>

This is a case of just exchange between श and ष, as has been the case earlier.

The character mapping is attached.



--
Krutidev055-ASCII-Mapping.doc

V S Rawat

unread,
Mar 4, 2018, 6:59:38 AM3/4/18
to th
अेक भी तो ग़लत आ रहा है।

वर्ड में यह "अ े क" हो जाएगा। इसे एक हो जाना चाहिए था।

रावत



On 3/4/2018 5:14 PM, Narayan Prasad wrote:
> << result is not perfect with mistakes such asषिक्षकांचेअेकषांतपुरुश,विष्वास, etc >>
>
> This is a case of just exchange between श and ष, as has been the case
> earlier.
>
> The character mapping is attached.
>
>
>
> 2018-03-04 10:26 GMT+05:30 Prashant Naik <pra...@gmail.com
> <mailto:pra...@gmail.com>>:
>
> Hi
>
> I am in desperate need of good accurate Kruti dev 55 to Unicode font
> converter.I used below two links but result is not perfect with
> mistakes such as षिक्षकांचेअेकषांतपुरुश, विष्वास, etc
>
> http://wrd.bih.nic.in/font_KtoU.htm
> <http://wrd.bih.nic.in/font_KtoU.htm>
>
> https://unicode-to-krutidev-to-unicode.blyogspot.in/
> <https://unicode-to-krutidev-to-unicode.blyogspot.in/>
>
> Please advise good converter/program.
>
> Thank you.
>
> Prashant
>
> --
> आपको यह संदश इसलिए मिला है क्योंकि आपने Google समूह के "Scientific and
> Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)" समूह की सदस्यता ली है.
> इस समूह की सदस्यता समाप्त करने और इससे ईमेल प्राप्त करना बंद करने के लिए,
> technical-hin...@googlegroups.com
> <mailto:technical-hin...@googlegroups.com> को ईमेल भेजें.
> अधिक विकल्पों के लिए, https://groups.google.com/d/optout
> <https://groups.google.com/d/optout> में जाएं.
>
>
> --
> आपको यह संदश इसलिए मिला है क्योंकि आपने Google समूह के "Scientific and
> Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)" समूह की सदस्यता ली है.
> इस समूह की सदस्यता समाप्त करने और इससे ईमेल प्राप्त करना बंद करने के लिए,
> technical-hin...@googlegroups.com
> <mailto:technical-hin...@googlegroups.com> को ईमेल भेजें.

hindix

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Mar 4, 2018, 7:38:41 AM3/4/18
to technic...@googlegroups.com
We are not supposed to change the spelling of any language unless technically it is not feasible.




Sent from my Samsung Galaxy smartphone.
--
आपको यह संदेश इसलिए प्राप्त हुआ क्योंकि आपने Google समूह "Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)" समूह की सदस्यता ली है.
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Narayan Prasad

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Mar 4, 2018, 8:05:26 AM3/4/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
<< अेक भी तो ग़लत आ रहा है। वर्ड में यह "अ े क" हो जाएगा।  >>

विंडोज़ 8.1 में तो आसानी से "अेक" (अर्थात् बिना किसी रिक्त वृत्त के) लिखा दिखाई देता है ।


2018-03-04 17:29 GMT+05:30 V S Rawat <vsr...@gmail.com>:
अेक भी तो ग़लत आ रहा है।

वर्ड में यह "अ े क" हो जाएगा। इसे एक हो जाना चाहिए था।

रावत



On 3/4/2018 5:14 PM, Narayan Prasad wrote:
<< result is not perfect with mistakes such asषिक्षकांचेअेकषांतपुरुश,विष्वास, etc >>

This is a case of just exchange between श and ष, as has been the case earlier.

The character mapping is attached.



2018-03-04 10:26 GMT+05:30 Prashant Naik <pra...@gmail.com <mailto:pra...@gmail.com>>:

    Hi

    I am in desperate need of good accurate Kruti dev 55 to Unicode font
    converter.I used below two links but result is not perfect with
    mistakes such as षिक्षकांचेअेकषांतपुरुश, विष्वास, etc

    http://wrd.bih.nic.in/font_KtoU.htm
    <http://wrd.bih.nic.in/font_KtoU.htm>

    https://unicode-to-krutidev-to-unicode.blyogspot.in/

    <https://unicode-to-krutidev-to-unicode.blyogspot.in/>

    Please advise good converter/program.

    Thank you.

    Prashant

    --     आपको यह संदश इसलिए मिला है क्योंकि आपने Google समूह के "Scientific and
    Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)" समूह की सदस्यता ली है.
    इस समूह की सदस्यता समाप्त करने और इससे ईमेल प्राप्त करना बंद करने के लिए,
    technical-hindi+unsubscribe@googlegroups.com
    <mailto:technical-hindi+unsubscr...@googlegroups.com> को ईमेल भेजें.

    अधिक विकल्पों के लिए, https://groups.google.com/d/optout
    <https://groups.google.com/d/optout> में जाएं.


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V S Rawat

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Mar 4, 2018, 3:38:45 PM3/4/18
to technic...@googlegroups.com
एमएस वर्ड में नहीं होता।
एमएस वर्ड में आप स्वरों के अक्षरों पर कोई मात्रा नहीं लगा सकते हैं।

इस अेक को वर्ड में पेस्ट करेंगे तो दिखेगा, लेकिन वर्ड में अ े क टाइप
करके देखिए, अ पर े नहीं आएगा।

On 3/4/2018 6:35 PM, Narayan Prasad wrote:
> << अेक भी तो ग़लत आ रहा है। वर्ड में यह "अ े क" हो जाएगा।>>
>
> विंडोज़ 8.1 में तो आसानी से "अेक" (अर्थात् बिना किसी रिक्त वृत्त के) लिखा दिखाई देता है ।
>
>
> 2018-03-04 17:29 GMT+05:30 V S Rawat <vsr...@gmail.com
> <mailto:vsr...@gmail.com>>:
>
> अेक भी तो ग़लत आ रहा है।
>
> वर्ड में यह "अ े क" हो जाएगा। इसे एक हो जाना चाहिए था।
>
> रावत
>
>
>
> On 3/4/2018 5:14 PM, Narayan Prasad wrote:
>
> << result is not perfect with mistakes such
> asषिक्षकांचेअेकषांतपुरुश,विष्वास, etc >>
>
> This is a case of just exchange between श and ष, as has been the
> case earlier.
>
> The character mapping is attached.
>
>
>
> 2018-03-04 10:26 GMT+05:30 Prashant Naik <pra...@gmail.com
> <mailto:pra...@gmail.com> <mailto:pra...@gmail.com
> <mailto:pra...@gmail.com>>>:
>
> Hi
>
> I am in desperate need of good accurate Kruti dev 55 to
> Unicode font
> converter.I used below two links but result is not perfect with
> mistakes such as षिक्षकांचेअेकषांतपुरुश, विष्वास, etc
>
> http://wrd.bih.nic.in/font_KtoU.htm
> <http://wrd.bih.nic.in/font_KtoU.htm>
> <http://wrd.bih.nic.in/font_KtoU.htm
> <http://wrd.bih.nic.in/font_KtoU.htm>>
>
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> <https://unicode-to-krutidev-to-unicode.blyogspot.in/
> <https://unicode-to-krutidev-to-unicode.blyogspot.in/>>
>
> Please advise good converter/program.
>
> Thank you.
>
> Prashant
>
> -- आपको यह संदश इसलिए मिला है क्योंकि आपने Google समूह के
> "Scientific and
> Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)" समूह की सदस्यता ली है.
> इस समूह की सदस्यता समाप्त करने और इससे ईमेल प्राप्त करना बंद करने के लिए,
> technical-hin...@googlegroups.com
> <mailto:technical-hindi%2Bunsu...@googlegroups.com>
> <mailto:technical-hin...@googlegroups.com
> <mailto:technical-hindi%2Bunsu...@googlegroups.com>> को ईमेल भेजें.
> अधिक विकल्पों के लिए, https://groups.google.com/d/optout
> <https://groups.google.com/d/optout>
> <https://groups.google.com/d/optout
> <https://groups.google.com/d/optout>> में जाएं.
>
>
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> <mailto:technical-hin...@googlegroups.com
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> <https://groups.google.com/d/optout> में जाएं.
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> Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)" समूह की सदस्यता ली है.
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Suyash

unread,
Mar 5, 2018, 12:28:59 AM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
नमस्कार गुणीजन,

मुझे इस कन्वर्जन कार्य के लिये Prakhar Font Parivartak जो कि १०० प्रतिशत शुद्धतासे Unicode Conversion करता है, उसका विचार आया।
किसी सदस्य के पास यह Converter है तो वे भी प्रयत्न कर सकते है । हालाँकी यह टूल सशुल्क था पर शायद इसके निशुल्क बनने की बात इसी ग्रुप पर चल रही थी ।
कोई सुझाव इस पर भी आये तो कुछ पता चले । 

धन्यवाद ।
- सुयश


"ज्ञान देने से बढता है।"

Anunad Singh

unread,
Mar 5, 2018, 1:46:03 AM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
क्या कोई  कृतिदेव-१० के उपलब्ध परिवर्तक से प्राप्त आउतपुट  के बारे में बता सकते हैं कि उसमें क्या-क्या  गलतियाँ हैं जिनका सुधार करने से कृतिदेव-५५ के संगत सही आउटपुट मिल जाएगा?  एक तो श और ष का आपस में अदला-बदली है। इसके अलावा क्या-क्या है?

Suyash

unread,
Mar 5, 2018, 6:11:08 AM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
अनुनाद जी तथा सभी आदरणीय गुणीजन,
सादर नमस्कार ।

कनवर्ट किये गये पाठ तथा कुछ संशोधन से निम्न जानकारी हासिल हुयी -

१) यह पाठ मराठी भाषा में है । Kruti Dev 055 font मराठी पाठकों द्वारा बहुतायत में इस्तेमाल होने वाला Font है क्योंकी इसके अक्षरों की रचना परंपरागत मराठी अक्षरो जैसी है ( ल एवं श इत्यादी । )

२) पाठ मे और अक्षरचिन्हों का आपस में बदलाव जरुरी है।

३) इस पाठ में " र्‍य " संयुक्ताक्षर का प्रयोग हुअा है । यह  " र्‍य " संयुक्ताक्षर  +  ़ (नुक्ता) + ् (हलन्त) + = र्‍य  इस तरह से बनता है ।

४) मराठी में " र्‍ह " संयुक्ताक्षर का भी प्रयोग होता है जो  +  ़ (नुक्ता) + ् (हलन्त) + = र्‍ह  इस तरह से बनता है ।

५) इसलिये हमे Kruti-Dev-10 प्रचलित कन्वर्टर में उपरलिखित बदलाव करने होंगे जिससे की वह Kruti Dev 055 Font के लिये भी उपयोगी हो सके ।


धन्यवाद ।
- सुयश

"ज्ञान देने से बढता है ।"

On Sunday, March 4, 2018 at 10:47:55 AM UTC+5:30, pranaik wrote:

Suyash

unread,
Mar 5, 2018, 6:19:46 AM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
इससे पहले दिये गये पोस्ट में और एक सुझाव जोडना चाहता हूँ ।

 +++ मराठी में "अेक" यह शब्द "एक" ऐसा लिखा जाता है, तो इस सुधार की भी आवश्यकता होगी ।

धन्यवाद।
- सुयश
On Sunday, March 4, 2018 at 10:47:55 AM UTC+5:30, pranaik wrote:

Narayan Prasad

unread,
Mar 5, 2018, 7:11:48 AM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
<<  +++ मराठी में "अेक" यह शब्द "एक" ऐसा लिखा जाता है, तो इस सुधार की भी आवश्यकता होगी । >>

मुझे नहीं लगता कि इस तरह की सुधार की आवश्यकता है । मराठी में जैसा लिखा है, वैसा ही रहने दिया जाना चाहिए - यदि अेक लिखा है तो अेक, यदि एक लिखा है तो एक ।
--- नारायण प्रसाद


--
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Anunad Singh

unread,
Mar 5, 2018, 8:47:05 AM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
>>>इस पाठ में " र्‍य " संयुक्ताक्षर का प्रयोग हुअा है । यह  " र्‍य " संयुक्ताक्षर  +  ़ (नुक्ता) + ् (हलन्त) + = र्‍य  इस तरह से बनता है ।

क्या यहाँ सचमुच  नुक्ता है/होना चाहिए?  कहीं यह तथाकथित 'मराठी आधा र' तो नहीं है जो वर्ण के ऊपर न लगाकर  उसके पहले लगाया जाता है?
 

Anunad Singh

unread,
Mar 5, 2018, 8:51:47 AM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
<<  +++ मराठी में "अेक" यह शब्द "एक" ऐसा लिखा जाता है, तो इस सुधार की भी आवश्यकता होगी । >>
मुझे नहीं लगता कि इस तरह की सुधार की आवश्यकता है । मराठी में जैसा लिखा है, वैसा ही रहने दिया जाना चाहिए - यदि अेक लिखा है तो अेक, यदि एक लिखा है तो एक ।
--- नारायण प्रसाद

चूँकि यूनिकोड में  अे  एक कोड नहीं है  तथा अ के साथ ए की मात्रा लगाने पर कई  जगह समस्या खड़ी हो जाएगी, इसलिए   सब जगह  ए  ही करना व्यावहारिक हल होगा।

Suyash

unread,
Mar 5, 2018, 9:32:13 AM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
अनुनाद जी,
"ऱ्य" का संयुक्तीकरण "र + ़ + ् + य " ऐसा ही होता है। इसकी पुष्टी करना बेहद आसान है।
अपने अँड्रोईड हिंदी किबोर्ड में जब उपरलिखित क्रम से वर्ण डालेंगे तब जो संयुक्त अक्षर बनेगा, वही "ऱ्य" है।
यही किस्सा "ऱ्ह" के लिये भी है ।
लिहाजा "ऱ्ह" = र + ़ + ् + ह ।

जब हम "आर्य" के "र्य" संयुक्त अक्षर को विभाजित करते है तो
अक्षरक्रम बनता है - " र + ् + य = र्य "

और "अर्हम" के "र्ह" के लिये क्रम होगा -
" र + ् + ह = र्ह "

धन्यवाद ।
- सुयश.

Suyash

unread,
Mar 5, 2018, 9:52:49 AM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
प्राचीन संस्कृत और मराठी भाषा इन में "र" इस वर्ण के
तीन प्रकार उपयाेजित किये जाते है ।
उदाहरण -
१) प्राणी का "प्र" -> प + ् + र
२) ऱ्हस्व का "ऱ्ह" -> र + ़ + ् + ह
३) कार्य का "र्य" -> र + ् + य

Narayan Prasad

unread,
Mar 5, 2018, 11:51:23 AM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
<< २) ऱ्हस्व का "ऱ्ह" -> र + ़ + ् + ह >>

संस्कृत में हमेशा "ह्रस्व" लिखा जाता है, ऱ्हस्व नहीं ।

--
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अधिक विकल्‍पों के लिए, https://groups.google.com/d/optout पर जाएं.

ShreeDevi Kumar

unread,
Mar 5, 2018, 1:10:12 PM3/5/18
to technic...@googlegroups.com
From wikipedia

The eyelash reph/raphar (रेफ/ रफार) (र्‍) exists in Marathi as well as Nepali. The eyelash reph/raphar (र्‍) is produced in Unicode by the sequence [ra र ] + [virāma ्] + [ZWJ] and [rra ऱ ][virāma ्] + [ZWJ].[11] In Marathi, when ‘र’ is the first consonant of a consonant cluster and occurs at the beginning of a syllable, it is written as an eyelash reph/raphar.[12]

Examples
तर्‍हा
वाऱ्याचा
ऱ्हास
ऱ्हस्व
सुऱ्या
दोऱ्या

On Mon 5 Mar, 2018, 10:21 PM Narayan Prasad, <hin...@gmail.com> wrote:
<< २) ऱ्हस्व का "ऱ्ह" -> र + ़ + ् + ह >>

संस्कृत में हमेशा "ह्रस्व" लिखा जाता है, ऱ्हस्व नहीं ।
2018-03-05 20:22 GMT+05:30 Suyash <suyas...@gmail.com>:
प्राचीन संस्कृत और मराठी भाषा इन में "र" इस वर्ण के
तीन प्रकार उपयाेजित किये जाते है ।
उदाहरण -
१) प्राणी का "प्र" -> प + ् + र
२) ऱ्हस्व का "ऱ्ह" -> र + ़ + ् + ह
३) कार्य का "र्य" -> र + ् + य

धन्यवाद ।
- सुयश.

--
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Narayan Prasad

unread,
Mar 5, 2018, 1:22:51 PM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
---------- Forwarded message ----------
From: Prashant Naik <pra...@gmail.com>
To: technic...@googlegroups.com
Cc: 
Bcc: 
Date: Mon, 5 Mar 2018 23:41:59 +0530
Subject: Re: [technical-hindi] Re: Krutidev 55 to Unicode font converter needed

Hi List,

 

Thank you all for having good discussion and efforts to find solution for Kruti Dev 055 (Marathi) to Unicode conversion.  Whatever sample matter that I have in Kruti Dev 055 when converted into Unicode only following letters are wrongly converted.

Instead of  everywhere we see 

षेवटी, शेवटी

गोश्टी गोष्टी

गोश्टींबद्दल गोष्टींबद्दल

पारषी पारशी

षिल्पकार शिल्पकार

काढल्याषिवाय काढल्याशिवाय

षाळेचा शाळेचा

षकत शकत

षिक्षीका शिक्षिका

गोश्ट गोष्ट

पाष्र्वभूमी पार्श्वभूमी

        

Instead of  everywhere we see 

पुरुश पुरुष

वर्श वर्ष

 

Instead of  everywhere we see अे

अेरिया एरिया

अेवढी एवढी

अेक एक

अेकदा एकदा  

 

Instead of  everywhere we see अै

अैकणार ऐकणार

 

Mistake with र्‍या

असणाÚयांना (असणार्‍याना)

पांढÚया (पांढर्‍या)

नेणाÚया (नेणार्‍या )

Úयाच (बर्‍याच )

 

Other problem words

विद्याथ्र्यांला  (correct = विद्यार्थ्याला)

आॅक्टोबर ते डिसंेबर (correct = ऑक्टोबर ते डिसेंबर)

वोेकेषनल (correct = वोकेशनल )

प्रिन्सीपाॅल (correct = प्रिंसीपॉल )

जाॅईन  (correct = जॉइन)

पाॅईंटला (correct = पॉइंटला )

 

Marathi has letters like , , which needs attention in the conversion.

   

By using Microsoft Indic language input tool ILIT, direct Marathi typing in word is very much easy.  It also gives suggestion list while typing.  Font is Unicode - Mangal.

 

Regards,

Prashant


Suyash

unread,
Mar 5, 2018, 2:03:01 PM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
<<संस्कृत में हमेशा "ह्रस्व" लिखा जाता है, ऱ्हस्व नहीं ।>>

उपरलिखित "ऱ्हस्व" संस्कृत से नहीं अपितु मराठी से लिया गया है ।

Anunad Singh

unread,
Mar 5, 2018, 11:16:15 PM3/5/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
वास्तव में इस तथाकथित 'मराठी र'  के लिए अब एक नया यूनिकोड ही दे दिया गया है  ( ऱ  (U+0931)  ) ।  जब इसे बिना हलन्त के लिखा जाता है तो उसमें 'नुक्ता' दिखता है। किन्तु नुक्ता अलग से नहीं है।  दूसरे शब्दों में, 'आधे मराठी र' के लिए    ऱ +  हलन्त लिखने से  काम चल जायेगा।

V S Rawat

unread,
Mar 5, 2018, 11:40:02 PM3/5/18
to technic...@googlegroups.com, Narayan Prasad
इन तीन में मेरा विचार अलग है
प्रिन्सीपाॅल (correct = प्रिंसीपॉल )

मैं ख़ुद प्रिन्सिपल, रिन्स (खंगालना) वगैरह लिखा करता हूँ, क्योंकि मुझे
लगता है कि इनके उच्चारण में ं अनुस्वार नहीं, आधा न आ रहा है।

जाॅईन (correct = जॉइन)

जॉइन ठीक है, लेकिन यह लिखने वाले ने बड़ी ई का ग़लत उपयोग किया है।

हमें लिखने वाले की ग़लतियों को कनवर्जन में ठीक नहीं करना है, बल्कि यथावत कनवर्जन देना है।

पाॅईंटला (correct = पॉइंटला )

मैं तो पॉइण्ट लिखता हूँ
यहाँ भी बड़ी ई का उपयोग लिखने वाले ने ग़लत किया लगता है

धन्यवाद।
रावत

On 3/5/2018 11:52 PM, Narayan Prasad wrote:
> प्रिन्सीपाॅल(correct =प्रिंसीपॉल)
>
> जाॅईन(correct =जॉइन)

Anunad Singh

unread,
Mar 6, 2018, 12:04:47 AM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
रावत जी, शायद आप 'अेक'  के सन्दर्भ में अपनी बात कह रहे थे।  मैं भी मानता हूँ कि कोई किसी दूसरे फॉण्ट में  'अेक' लिखा है तो  यूनिकोडित करने पर भी यथासम्भव 'अेक' ही करना चाहिए। किन्तु  उससे और अधिक समस्याएँ आने वालीं हों तो उसके स्थान पर 'एक' करने में भी संकोच नहीं होना चाहिए। 

मुझे पता है कि मराठी /गुजराती में एक सम्प्रदाय है  जो 'अ' के उपर/नीचे मात्राएँ लगाकर इ, ई, उ, ऊ, ए ऐ, ओ औ आदि सबको दिखाने का पक्षधर है। किन्तु देवनागरी के   यूनिकोड के मानकीकरण में  उनकी बात को महत्व नहीं मिल सका है।

Vineet Chaitanya

unread,
Mar 6, 2018, 12:20:42 AM3/6/18
to technic...@googlegroups.com
अनुनाद जी,

              "क्ष" को भी अलग से   यूनिकोडित नहीं किया गय् है (और न ही करने की आवश्यकता है).
              आप जिन समस्याओं की बात कर रहे हैं वे उस software की कमी के कारण हो सकती हैं.

              किन्तु font-converter को तो 'अे' को 'ए' में नहीं बदलना चाहिये. हाँ यदि उपयोग-कर्ता चाहें तो अलग से एक converter दिया जा सकता है
              जो इस प्रकार के परिवर्तन कर दे.

सादर

2018-03-06 10:34 GMT+05:30 Anunad Singh <anu...@gmail.com>:
रावत जी, शायद आप 'अेक'  के सन्दर्भ में अपनी बात कह रहे थे।  मैं भी मानता हूँ कि कोई किसी दूसरे फॉण्ट में  'अेक' लिखा है तो  यूनिकोडित करने पर भी यथासम्भव 'अेक' ही करना चाहिए। किन्तु  उससे और अधिक समस्याएँ आने वालीं हों तो उसके स्थान पर 'एक' करने में भी संकोच नहीं होना चाहिए। 

मुझे पता है कि मराठी /गुजराती में एक सम्प्रदाय है  जो 'अ' के उपर/नीचे मात्राएँ लगाकर इ, ई, उ, ऊ, ए ऐ, ओ औ आदि सबको दिखाने का पक्षधर है। किन्तु देवनागरी के   यूनिकोड के मानकीकरण में  उनकी बात को महत्व नहीं मिल सका है।

--
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हरिराम

unread,
Mar 6, 2018, 1:38:06 AM3/6/18
to technic...@googlegroups.com
अ अ‍ा अ‍ि अ‍ी अ‍ु अ‍ू अ‍े अ‍ै अ‍ो अ‍ौ

युनिकोड में ZWJ (U200d) लगाकर अ वर्ण पर मात्राएँ लगाई जाती हैं।

अ‍े  = अ+‍ZWJ+े

ध्वनि विज्ञान के अनुसार जिस वर्ण में 'अ' ध्वनि अंतर्निहित नहीं होती, 
अर्थात् जिस व्यंजन में 'अ' (अदृश्य) स्वर नहीं जुड़ा होता 
अर्थात् जिस व्यंजन में हलन्त लगा होता है,
उस पर कदापि कोई स्वर की मात्रा नहीं लग सकती।

अतः सभी स्वरों की मात्राएँ 'अ' के ऊपर ही लगती हैं। देवनागरी में इ ई उ ऊ ए ऐ आदि स्वरों के लिए अलग स्वर-चिह्न हैं, किन्तु 'आ', 'ओ', 'औ' स्वरों के रूप 'अ' पर मात्राएँ लगाकर ही बने हैं। हालांकि युनिकोड में सभी स्वरों के लिए अलग कोड निर्धारित किए गए हैं।

'ए' को  'अ‍े' रूप में प्रकट करने के लिए अर्थात् alternative rendering के लिए zwj (U+200d) का प्रयोग होता है। कनवर्टर में इस logic को रखा जा सकता है।

सादर।

हरिराम
प्रगत भारत <http://hariraama.blogspot.in>

Anunad Singh

unread,
Mar 6, 2018, 2:01:34 AM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
विनीत जी, और हरिराम जी की बात से सहमत हूँ। किन्तु  मैं देख रहा हूँ कि  हरिराम जी ने  सबसे ऊपर  अ अ‍ा अ‍ि अ‍ी अ‍ु अ‍ू अ‍े अ‍ै अ‍ो अ‍ौ  आदि लिखे हैं  वे जीमेल में तो सही दिख रहे हैं। किन्तु उन्हें ओपेनओफिस में कॉपी करके चिपकाने पर  कुछ ठीक दिख रहे हैं  ( अ‍ि अ‍ी अ‍ु अ‍ू अ‍े अ‍ै)

  और कुछ  टूटे हुए ( अ‍ा अ‍ो अ‍ौ ) ।  जबकि सब में    (U+200d)   सम्मिलित है।

हरिराम

unread,
Mar 6, 2018, 2:35:43 AM3/6/18
to technic...@googlegroups.com
ओपेन ऑफिस में रेण्डरिंग की समस्या है। कुछ options या settings बदलने पर ठीक हो सकते हैं। फिलहाल मेरे पास ओपेन ऑफिस नहीं है। 
MS word 2007 है, इसमें भी कुछ सेटिंग्स बदलने पर सही दिखते हैं, नहीं तो zwj marker के पश्चात् मात्रा दिखती है।

हरिराम
प्रगत भारत <http://hariraama.blogspot.in>

Vineet Chaitanya

unread,
Mar 6, 2018, 3:33:37 AM3/6/18
to technic...@googlegroups.com
मेरे पास libreoffice है उसमें तो मुझे ठीक दिख रहे हैं.

Suyash

unread,
Mar 6, 2018, 4:09:16 AM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
हरिराम जी,

बहुत अच्छा सुझाव है । इसे "अ की बारहखड़ी" कहते है। इस की संकल्पना आदरणीय वीर सावरकर जी ने रखी थी। 
पुराने मराठी दस्तावेजों तथा  पुस्तकों में इस "अ की बारहखड़ी" का प्रयोग होता था। 
'ए' और 'अ‍े' को अलग अलग रूप में प्रकट करने के लिए Logic बनाने की संंकल्पना बिल्कुल सही है।

धन्यवाद ।
- सुयश.

Suyash

unread,
Mar 6, 2018, 4:14:14 AM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
अनुनाद जी ,

आप की बात बिल्कुल सही है । जानकारी के लिये धन्यवाद।

सादर.
-सु्यश.

Anunad Singh

unread,
Mar 6, 2018, 4:39:54 AM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
उबन्तू १.०४ ,  लिब्र ऑफिस ४.४  में  भी    अ‍ा अ‍ि अ‍ी अ‍ु अ‍ू अ‍े अ‍ै अ‍ो अ‍ौ    सभी बिना टूटे हुए दिख रहे हैं।

Anunad Singh

unread,
Mar 6, 2018, 4:45:50 AM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
विशेष बात यह कि इनमें से ZWJ  हटा देने पर भी  लिब्र ऑफिस में    अा अि अी अु अू अे अै अो अौ    टूट नहीं रहे हैं।

हरिराम

unread,
Mar 6, 2018, 6:19:42 AM3/6/18
to technic...@googlegroups.com
सुयश जी,

सही कहा आपने। आदरणीय वीर सावरकर, काका कालेलकर, विनोबा भावे, महात्मा गांधी आदि महापुरुषों ने "नागरी लिपि" को सभी भारतीय भाषाओं की लिपि बनाने के अभियान के दौरान 'अ' पर मात्राएँ लगाकर लिखने की प्राचीन व सरल पद्धति का प्रचार किया था। किन्तु उस वक्त बारहखड़ी में निम्न 12 स्वर (12 मात्राएँ) लिए जाते थे।
अ आ अ‍ि अ‍ी अ‍ु अ‍ू अृ अॢ अ‍े अ‍ै ओ औ अं अः

क का कि की कु कू कृ कॢ के कै को कौ कं कः


परंतु कुछ वर्ष पूर्व जब युनिकोड के अंतर्राष्ट्रीय विद्वानों के मध्य जब पाणिनी के सूत्रों, ब्राह्मी लिपि से लेकर आधुनिक लिपियों के क्रमविकास पर शास्त्रार्थ हुआ तो निर्णय हुआ कि

अं अँ अः (अनुस्वार, अनुनासिक एवं विसर्ग) आदि स्वर-परिवर्तक(vowel modifiers) हैं, जो केवल क (आदि व्यंजनों) पर ही नहीं, बल्कि क+स्वर( किसी भी स्वर की  मात्रा) पर भी लग सकते हैं।

बाद में देवनागरी लघु-ए (sort E) और लघु-ओ (sort O)  ऎ ऒ को स्वरों में लिया गया। प्राचीन वैदिक व पाणिनी के सूत्रों के अनुसार मूल स्वर 16 स्वर माने जाते थे। (षोड़श मातृका, जिनकी सोलह खानों में अन्न के दाने रखकर किसी भी पूजा के आरंभ मेंं पूजा की जाती है।) उनका एक खाका निम्नवत् है। हालांकि विद्वानों के विचारों में इस विषय में एकमतता नहीं हो पाई है।



हालांकि युनिकोड वर्शन 10 (नवीनतम) में अनेक अन्य स्वरों व वर्णों को भी देवनागरी में शामिल कर एनकोडिंग कर ली गई है। जिनमें कश्मीरी, दक्षिणी व पूर्व भारतीय भाषाओं के कुछेक वर्ण के समरूप भी हैं। हालांकि हिन्दी आदि भाषाओं में ॠ ऌ ॡ का प्रयोग लुप्त हो गया है, किंतु संस्कृत, वैदिक व अन्य एकाध भाषाओं में प्रयोग जारी है।

जहाँ तक FontCodeConverter के विकास का मामला है, 
द्वारा एक दशक पूर्व कुछ फोंट कोड कनवर्टर विकसित किए गए थे, जो इस साईट पर डाऊनलोड हेतु उपलब्ध थे। उनकी मैपिंग प्रणाली की अवधारणा "संपूर्ण अक्षरों" (Whole syllables) की सूची पर आधारित थी। जिसके किसी एक मैप की अक्षर-सूची को अन्य परिवर्तित फोंट-कोड से बदल देने पर सभी संभावित अक्षरों (syllables) का स्वतः पूरा का पूरा मैप बन जाता था।

यदि उस अक्षर सूची आगे विकसित करके कनवर्शन मैप बनाए जाएँ तो सभी भारतीय भाषाओं के लिए फोंट-कोड-कनवर्टरों के लिए एकल व सरल मैपिंग बनाना आसान हो सकता है।


हरिराम
प्रगत भारत <http://hariraama.blogspot.in>

2018-03-06 14:39 GMT+05:30 Suyash <suyas...@gmail.com>:
हरिराम जी,

बहुत अच्छा सुझाव है । इसे "अ की बारहखड़ी" कहते है। इस की संकल्पना आदरणीय वीर सावरकर जी ने रखी थी। 
पुराने मराठी दस्तावेजों तथा  पुस्तकों में इस "अ की बारहखड़ी" का प्रयोग होता था। 

धन्यवाद ।
- सुयश.



On Tuesday, March 6, 2018 at 12:08:06 PM UTC+5:30, Hariram wrote:
अ अ‍ा अ‍ि अ‍ी अ‍ु अ‍ू अ‍े अ‍ै अ‍ो अ‍ौ

युनिकोड में ZWJ (U200d) लगाकर अ वर्ण पर मात्राएँ लगाई जाती हैं।

अ‍े  = अ+‍ZWJ+े

ध्वनि विज्ञान के अनुसार जिस वर्ण में 'अ' ध्वनि अंतर्निहित नहीं होती, 
अर्थात् जिस व्यंजन में 'अ' (अदृश्य) स्वर नहीं जुड़ा होता 
अर्थात् जिस व्यंजन में हलन्त लगा होता है,
उस पर कदापि कोई स्वर की मात्रा नहीं लग सकती।

अतः सभी स्वरों की मात्राएँ 'अ' के ऊपर ही लगती हैं। ...

सादर।

Suyash

unread,
Mar 6, 2018, 7:06:31 AM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
हरिराम जी,

इस विशिष्ट और महत्त्वपूर्ण जानकारी के लिये आप का आभार।
यह इस ग्रुप की विशेषता है, यहाँ पर हर एक तकनीकी मुद्दे का सटीक और जिज्ञासापूर्वक विश्लेषण किया जाता है, हर समस्या का सर्वसमावेशी समाधान निकाला जाता है।

Anunad Singh

unread,
Mar 6, 2018, 9:40:14 AM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
क्या निम्नलिखित परिवर्तन ठीक है?

बÚयाच ---> बऱ्याच 

Anunad Singh

unread,
Mar 6, 2018, 9:47:11 AM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
अभी तक हुई चर्चा के अनुसार कृतिदेव५५ से यूनिकोड बदलने वाला प्रोग्राम संलग्न है।

इसकी कमियाँ बताएँ और यह बताएँ कि इसमें और क्या सुविधा जोड़ना चाहिए।
Krutidev55 to Uniode to Kritidev10 Converter_V01.html

Suyash

unread,
Mar 6, 2018, 9:49:23 AM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
अनुनाद जी,
यह परिवर्तन पूरी तरह से योग्य है ।

Narayan Prasad

unread,
Mar 6, 2018, 11:07:55 AM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
<< क्या निम्नलिखित परिवर्तन ठीक है? बÚयाच ---> बऱ्याच   >>

मैंने कैरक्टर मैपिंग दे दिया था । उसमें अगर देखेंगे तो आप पाएँगे कि यह सही है । हाँ, इस फ़ोंट को बिना इंस्टॉल किए देख नहीं सकेंगे ।


2018-03-06 20:10 GMT+05:30 Anunad Singh <anu...@gmail.com>:
क्या निम्नलिखित परिवर्तन ठीक है?

बÚयाच ---> बऱ्याच 

--

Sujan Singh

unread,
Mar 6, 2018, 12:31:39 PM3/6/18
to technic...@googlegroups.com
अनुनाद जी,

पहला single qoute तथा पहला Double quote परिवर्तन करने पर गलत आ रहे है।

धन्यवाद।

Prashant Naik

unread,
Mar 6, 2018, 12:39:58 PM3/6/18
to technic...@googlegroups.com
इस नये कनवर्टर के साथ मैने कन्व्हर्ट करके देखा.

मराठी फॉन्ट आउटपुट सही है.  कोई भी श और ष कि गलती नही.

सिर्फ जैसे इस डिस्कशन में समझ आया अ‍े अ‍ै सही है ए ऐ कि जगह.

आप सभी को धन्यवाद.

प्रशांत


2018-03-06 21:37 GMT+05:30 Narayan Prasad <hin...@gmail.com>:

Suyash

unread,
Mar 6, 2018, 11:37:36 PM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
अनुनाद जी,

Kruti Dev 055 to Unicode कन्वर्टर लगभग शत प्रतिशत सटीक परिणाम दे रहा है।
इसे अगर पहले कन्वर्टरों के साथ इस ग्रुप के गुगल साईट पर रख दिया जाये, तो ये सब के लिये उपलब्ध हो सकेगा ।
आप के प्रयत्न प्रशंसनीय है ।


धन्यवाद।
- सुयश.

"ज्ञान देने से बढता है।"

Anunad Singh

unread,
Mar 6, 2018, 11:52:51 PM3/6/18
to Scientific and Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)
प्रतिपुष्टि (फीडबैक) देने के लिए सभी का धन्यवाद। 

यदि कोई इसे किसी बड़ी  कृतिदेव५५ फाइल पर जाँच करके  उदाहरण सहित बताएँ  कि  क्या-क्या गड़बड़ी है  तो अधिक उपयोगी होगा।  उदाहरण के लिए, सुजान सिंह जी ने  किस 'सिंगल कोट' और 'डबल कोट' की बात की है, वह बिना उदाहरण के स्पष्ट नहीं है।  कारण है कि कोट तरह-तरह के होते हैं। आप किस कोट की बात कर रहे हैं?  यह भी जरूरी है कि आप किसी पीडीएफ फाइल से टेक्स्ट कॉपी-पेस्ट करके जाँच न करें। उसका भरोसा नहीं है। किन्तु डॉक फाइलों पर विश्वास किया जा सकता है। अतः कृतिदेव५५  की बड़ी फाइलों पर इसे चलाकर देखें की वांछित परिणाम आ रहे हैं या नहीं।

V S Rawat

unread,
Mar 7, 2018, 1:41:32 PM3/7/18
to th
मैंने लखनऊ के अमीनाबाद में स्थित एक लाइब्रेरी में 40 साल पहले कुछ बहुत
पुरानी प्रकाशित पुस्तकें पढ़ी थीं जो हिन्दी मुद्रण के प्रारम्भिक दिनों की थीं,

उनमें हिन्दी के हर स्वर अक्षर को अलग अलग इ ई उ ऊ ए ऐ वगैरह करके नहीं,
बल्कि सिर्फ़ अ पर उस स्वर की मात्रा लगा कर लिखा जाता था।

जैसे कि िअ अी अे अै
आ ओ औ तो दोनों तरीक़ों से एक ही आएँगे।

यदि कोई लखनऊ या आसपास रहता है तो वो अभी भी उन पुस्तकों को शायद देख
सकेगा। वो पार्क के पास, एक सिनेमा हॉल के बगल में है, पता नहीं 40 साल में
वहाँ कितना परिवर्तन हुआ होगा।

ख़ैर, आपकी बात रुचिकर लगी कि मैंने जो पढ़ा था, उसमें भी ये ऊपर नीचे वाली मात्राएँ नहीं थीं,
तो इन्हें जानने की जिज्ञासा हो रही है।

कृपया कोई लिंक दे सकेंगे या स्वयम् ही समझा सकेंगे कि वो क्या सिस्टम था।

दूसरी बात यह है कि जब यूनीकोड दुनिया के हर लिखित वर्ण-मात्रा को कोडबद्ध
करने का दावा करता है तो यूनीकोड को इस तरीक़े को छोड़ना नहीं चाहिए था।

यूनीकोड को उन तरीकों के लिए भी अक्षर और उन ऊपर नीचे के चिह्नों को रखना चाहिए था,
भले ही उसके लिए भाषा के किसी और रूप का नाम देते, जैसे चाइनीज़ के अलग-अलग
रूपों को शामिल किया ही है।

यूनीकोड का काम फ़ॉण्ट बनाना नहीं है।

यूनीकोड का काम हर लिखित वस्तु को शामिल करना है, उसे लेकर फ़ॉण्ट अलग लोग बनाते हैं।

भारत सरकार को हमारी थाती को यूनीकोड में सही और पूरी तरह से शामिल किए
जाने के लिए प्रयास करने चाहिए।

धन्यवाद।
रावत

> --
> आपको यह संदश इसलिए मिला है क्योंकि आपने Google समूह के "Scientific and
> Technical Hindi (वैज्ञानिक तथा तकनीकी हिन्दी)" समूह की सदस्यता ली है.
> इस समूह की सदस्यता समाप्त करने और इससे ईमेल प्राप्त करना बंद करने के लिए,
> technical-hin...@googlegroups.com
> <mailto:technical-hin...@googlegroups.com> को ईमेल भेजें.

V S Rawat

unread,
Mar 7, 2018, 1:44:51 PM3/7/18
to technic...@googlegroups.com
अति उत्तम,
तो नुक्ते वाला र मराठी के लिए है।

मैं सोच रहा था कि तमिल के लिए होगा,

स्पष्ट करने के लिए धन्यवाद।

रावत

V S Rawat

unread,
Mar 7, 2018, 1:48:26 PM3/7/18
to technic...@googlegroups.com
क्योंकि यूनीकोड भाषा नहीं, लिपि आधारित है,
इसलिए यूनीकोड में मराठी और हिन्दी भाषा के लिए कोई अन्तर नहीं रखा गया है,
क्योंकि दोनों की लिपि देवनागरी है।

तो भले ही ळ और रेफ़ र हिन्दी में प्रयोग न होते हों,
फिर भी यूनीकोड की देवनागरी लिपि के अनुभाग में उन्हें शामिल किया गया है।

देखा जाए तो कई कश्मीरी-सिंधी (शायद) अक्षरों को भी देवनागरी अनुभाग में
शामिल किया गया है।

इसलिए यूनीकोड को भाषा के अनुसार खण्डित न करें। यूनीकोड लिपी के अनुसार ही रहने दें।

हाँ, यूनीकोड की लिपि से कोई भाषा कैसे लिखी जाती है, यह चर्चा की जानी चाहिए।

धन्यवाद।
--
रावत

On 3/6/2018 9:46 AM, Anunad Singh wrote:

V S Rawat

unread,
Mar 7, 2018, 3:31:41 PM3/7/18
to th
संयोग से, फ़ेसबुक पर इस तरह के लेखन स्टायल का पन्ना हाथ लगा।

विषय पर मत जाइए, देखिए कि अे, अु, अि का उपयोग हुआ है ए उ इ आदि की जगह पर।

रावत
पुरानी हिन्दी की लिपि.jpg
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