काठी

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farid khan

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Jul 30, 2010, 1:38:30 PM7/30/10
to शब्द चर्चा
"लकड़ी की काठी, काठी पे घोड़ा"
इसमें काठी का मतलब क्या है ?

योगेन्द्र सिंह शेखावत

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Jul 30, 2010, 2:25:56 PM7/30/10
to शब्द चर्चा
काठी या काठ शब्द भी कई जगह बोला जाता है, मेरे हिसाब से ये काष्ठ का ही
अपभ्रंश है, काष्ठ मतलब लकड़ी, सुधारी गयी लकड़ी जो फर्नीचर वगैरह बनाने के
काम में आती है | काठ का बना घोडा |

farid khan

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Jul 30, 2010, 3:24:39 PM7/30/10
to शब्द चर्चा
तो फिर "लकड़ी की काठी" का क्या मतलब है ? लकड़ी को ही तो काठ कहते हैं
न ?

On Jul 30, 11:25 pm, योगेन्द्र सिंह शेखावत <yss.rajne...@gmail.com>
wrote:

योगेन्द्र सिंह शेखावत

unread,
Jul 30, 2010, 3:35:22 PM7/30/10
to शब्द चर्चा
हाँ, मगर मैंने लिखा है सुधारी हुयी लकड़ी |
लकड़ी मतलब कोई भी लकड़ी, कच्चा माल | काष्ठ मतलब इमारती लकड़ी (timber
wood), फर्नीचर वाली | लकड़ी छोटे-बड़ेसभी पेड़ों में होती है परन्तु सभी
का इस्तेमाल तो फर्नीचर में नहीं लिया जा सकता न |

दिनेशराय द्विवेदी

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Jul 30, 2010, 3:38:28 PM7/30/10
to shabdc...@googlegroups.com
काठ ऐसी लकड़ी को कहते हैं जिसे कोई आकार नहीं दिया गया हो। जब कि काठी आकार को ही कहते हैं। जेसे कद-काठी। लकड़ी की काठी का अर्थ लकड़ी को दिया गया आकार है, और काठी का घोड़ा का अर्थ है घोड़े का आकार। कुल मिला कर अर्थ यह है कि लकड़ी को आकार दे कर घोड़ा बनाया गया है।

2010/7/31 योगेन्द्र सिंह शेखावत <yss.ra...@gmail.com>



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दिनेशराय द्विवेदी, कोटा, राजस्थान, भारत
Dineshrai Dwivedi, Kota, Rajasthan,
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अनवरत
तीसरा खंबा


आराधना चतुर्वेदी "मुक्ति"

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Jul 30, 2010, 3:39:30 PM7/30/10
to shabdc...@googlegroups.com
वैसे भी कवि लोग कुछ भी लिखने को स्वतन्त्र होते हैं. काठी जब लकड़ी की ही होती है तो उसे लकड़ी की काठी कहने की क्या ज़रूरत ? पर जब वो खुशबू को  महका सकते हैं तो लकड़ी की काठी भी बना सकते हैं... वैसे तो काठी लकड़ी ही होती है... जैसा कि शेखर जी ने कहा थोड़ा सुधारी हुयी मतलब गढ़ी हुयी लकड़ी.

2010/7/31 योगेन्द्र सिंह शेखावत <yss.ra...@gmail.com>
हाँ, मगर मैंने लिखा है सुधारी हुयी लकड़ी |
लकड़ी मतलब कोई भी लकड़ी, कच्चा माल | काष्ठ मतलब इमारती लकड़ी (timber
wood), फर्नीचर वाली | लकड़ी छोटे-बड़ेसभी पेड़ों में होती है परन्तु सभी

का इस्तेमाल तो फर्नीचर में नहीं लिया जा सकता न |

On Jul 31, 12:24 am, farid khan <kfaridb...@gmail.com> wrote:
> तो फिर "लकड़ी की काठी" का क्या मतलब है ? लकड़ी को ही तो काठ कहते हैं

> न ?
>
> On Jul 30, 11:25 pm, योगेन्द्र सिंह शेखावत <yss.rajne...@gmail.com>
> wrote:
>
> > काठी या काठ शब्द भी कई जगह बोला जाता है, मेरे हिसाब से ये काष्ठ का ही
> > अपभ्रंश है, काष्ठ मतलब लकड़ी, सुधारी गयी लकड़ी जो फर्नीचर वगैरह बनाने के

> > काम में आती है | काठ का बना घोडा |
>
> > On Jul 30, 10:38 pm, farid khan <kfaridb...@gmail.com> wrote:
>
> > > "लकड़ी की काठी, काठी पे घोड़ा"

> > > इसमें काठी का मतलब क्या है ?



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अजित वडनेरकर

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Jul 30, 2010, 3:41:23 PM7/30/10
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काठी का अर्थ होता है ढांचा, आकार, धज, ऊंचाई, लम्बाई चौड़ाई वगैरह। 
यह भी काष्ठ से ही बना है। 
लकड़ी की काठी से तात्पर्य लकड़ी से बने ढांचे से है जिस पर कपड़े से बना घोड़े के शरीर का आवरण डाला जाता है। 
ऐसा कच्छी घोड़ी पर होता है जिसे एक आदमी कंधे पर उठाता है। 

2010/7/31 योगेन्द्र सिंह शेखावत <yss.ra...@gmail.com>
हाँ, मगर मैंने लिखा है सुधारी हुयी लकड़ी |
लकड़ी मतलब कोई भी लकड़ी, कच्चा माल | काष्ठ मतलब इमारती लकड़ी (timber
wood), फर्नीचर वाली | लकड़ी छोटे-बड़ेसभी पेड़ों में होती है परन्तु सभी

का इस्तेमाल तो फर्नीचर में नहीं लिया जा सकता न |

On Jul 31, 12:24 am, farid khan <kfaridb...@gmail.com> wrote:
> तो फिर "लकड़ी की काठी" का क्या मतलब है ? लकड़ी को ही तो काठ कहते हैं

> न ?
>
> On Jul 30, 11:25 pm, योगेन्द्र सिंह शेखावत <yss.rajne...@gmail.com>
> wrote:
>
> > काठी या काठ शब्द भी कई जगह बोला जाता है, मेरे हिसाब से ये काष्ठ का ही
> > अपभ्रंश है, काष्ठ मतलब लकड़ी, सुधारी गयी लकड़ी जो फर्नीचर वगैरह बनाने के

> > काम में आती है | काठ का बना घोडा |
>
> > On Jul 30, 10:38 pm, farid khan <kfaridb...@gmail.com> wrote:
>
> > > "लकड़ी की काठी, काठी पे घोड़ा"

> > > इसमें काठी का मतलब क्या है ?



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शुभकामनाओं सहित
अजित
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आराधना चतुर्वेदी "मुक्ति"

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Jul 30, 2010, 3:42:35 PM7/30/10
to shabdc...@googlegroups.com
चलिए, दिनेश जी और अजित जी ने शंका का समाधान कर दिया.

2010/7/31 अजित वडनेरकर <wadnerk...@gmail.com>

Rajendra Swarnkar

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Jul 30, 2010, 3:46:38 PM7/30/10
to shabdc...@googlegroups.com
काठी का अर्थ है चाप जैसे आकार की , अर्थात अर्द्ध चंद्राकार से कम मुड़ी हुई ।
ताकि उस पर फिट किया हुआ घोड़ा एक ही जगह आगे पीछे मूवमेंट कर सके । ऐसा ही आराम कुर्सियों में भी होता है … ताकि झूले जैसा कुछ मज़ा लिया जा सके ।
राजेन्द्र स्वर्णकार
शस्वरं




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2010/7/31 आराधना चतुर्वेदी "मुक्ति" <guddub...@gmail.com>

anil janvijay

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Jul 30, 2010, 4:33:32 PM7/30/10
to shabdc...@googlegroups.com
आम तौर पर काठी का मतलब होता है जीन । घोड़े पर कसी जाने वाली जीन । इस जीन पर ही सवार बैठता है । इसी से जीन कसना या काठी कसना कहा जाता है।
काठी का दूसरा मतलब होता है शरीर । वो अपनी काठी छोड़ गए यानी ख़ुदा को प्यारे हो गए। कद-काठी का मतलब है शरीर का कद । कद का मतलब आकार होता है। लेकिन बाद में काठी का मतलब भी आकार या रूप से ही लगाया जाने लगा। घोड़े की काठी यानी घोड़े की जीन। और काठी पर घोड़ा यानी उस काठी पर बैठा व्यक्ति भी घोड़े जैसा ही है।  

2010/7/30 Rajendra Swarnkar <swarnkar...@gmail.com>



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anil janvijay
कृपया हमारी ये वेबसाइट देखें
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दिनेशराय द्विवेदी

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Jul 30, 2010, 11:06:25 PM7/30/10
to shabdc...@googlegroups.com
हमने कहा लड़का अच्छा है, तो वे पूछने लगे उस की कद काठी कैसी है ?

2010/7/31 anil janvijay <anilja...@gmail.com>

Rajendra Swarnkar

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Jul 31, 2010, 12:16:35 AM7/31/10
to shabdc...@googlegroups.com
राजस्थानी भाषा में
काठी शब्द का अर्थ कस कर पकड़ना या कस कर थामे रहना होता है ।


दै तो दै , नईं दै तो काठी राख
अर्थात    देता है , तो दे दे , नहीं तो अपने पास रख ( कस कर )

पड़ मत जाये , घोड़ी री रास काठी झेलले ।
अर्थात    गिर मत जाना , घोड़ी की रास कस कर थामलो / पकड़लो ।

और …   मन काठो करलै , भाग पर किण रो जोर ?
अर्थात    मन को वश / नियंत्रण / काबू  
में करले  , भाग्य पर किसका जोर ?

… लेकिन चर्चा में क्षेत्रीय भाषा के शब्दों की बात करना अनुचित / अनुपयोगी हो तो , कृपया , स्पष्ट कहदें ।

आराधना चतुर्वेदी "मुक्ति"

unread,
Jul 31, 2010, 12:22:32 AM7/31/10
to shabdc...@googlegroups.com
इसी प्रसंग में हमारी भोजपुरी में एक शब्द है " कठकरेजी" इसका भावार्थ होता है " पाषाणह्रदय" या "पत्थरदिल" , पर मूल में इसके भी लकड़ी वाला अर्थ है मतलब " लकड़ी की तरह कड़े दिल वाला" 

2010/7/31 Rajendra Swarnkar <swarnkar...@gmail.com>
राजस्थानी भाषा में
काठी शब्द का अर्थ कस कर पकड़ना या कस कर थामे रहना होता है ।



दै तो दै , नईं दै तो काठी राख
अर्थात   
देता है , तो दे दे , नहीं तो अपने पास रख ( कस कर )

पड़ मत जाये , घोड़ी री रास काठी झेलले ।
अर्थात    गिर मत जाना , घोड़ी की रास कस कर थामलो / पकड़लो ।


और …   मन काठो करलै , भाग पर किण रो जोर ?
अर्थात    मन को वश / नियंत्रण / काबू  
में करले  , भाग्य पर किसका जोर ?


… लेकिन चर्चा में क्षेत्रीय भाषा के शब्दों की बात करना अनुचित / अनुपयोगी हो तो , कृपया , स्पष्ट कहदें ।

राजेन्द्र स्वर्णकार

शस्वरं

farid khan

unread,
Jul 31, 2010, 1:08:53 AM7/31/10
to शब्द चर्चा
राजेन्द्र जी, "मन *काठो* करलै" में काठो , कठोर से तो नहीं आ रहा है ?
वैसे एक और मुहावरा है "काठ मार जाना" यानी इतना सदमा कि इंसान कुछ भी
प्रतिक्रिया की स्थिति में न हो।

On Jul 31, 9:22 am, आराधना चतुर्वेदी "मुक्ति"


<guddubharg...@gmail.com> wrote:
> इसी प्रसंग में हमारी भोजपुरी में एक शब्द है " कठकरेजी" इसका भावार्थ होता है
> " पाषाणह्रदय" या "पत्थरदिल" , पर मूल में इसके भी लकड़ी वाला अर्थ है मतलब "
> लकड़ी की तरह कड़े दिल वाला"
>

> 2010/7/31 Rajendra Swarnkar <swarnkarrajen...@gmail.com>


>
>
>
> > राजस्थानी भाषा में

> > *काठी *शब्द का अर्थ *कस कर पकड़ना* या *कस कर थामे रहना* होता है ।*
>
> > *
> > दै तो दै , नईं दै तो *काठी *राख


> > अर्थात    देता है , तो दे दे , नहीं तो अपने पास रख ( कस कर )
>

> > पड़ मत जाये , घोड़ी री रास *काठी* झेलले ।


> > अर्थात    गिर मत जाना , घोड़ी की रास कस कर थामलो / पकड़लो ।
>

> > और …   मन *काठो* करलै , भाग पर किण रो जोर ?


> > अर्थात    मन को वश / नियंत्रण / काबू   में करले  , भाग्य पर किसका जोर ?
>
> > … लेकिन चर्चा में क्षेत्रीय भाषा के शब्दों की बात करना अनुचित / अनुपयोगी हो
> > तो , कृपया , स्पष्ट कहदें ।
>
> > राजेन्द्र स्वर्णकार

> > *शस्वरं* <http://shabdswarrang.blogspot.com/>
> > *
>
> > *
>
> --http://feministpoems.blogspot.comhttp://feminist-poems-articles.blogspot.comhttp://draradhana.wordpress.com

Rajendra Swarnkar

unread,
Jul 31, 2010, 1:22:22 AM7/31/10
to shabdc...@googlegroups.com

फरीद खान जी
अवश्य काठा शब्द कठोर के लिए भी आता है ।
प्रस्तुत उदाहरण में भी दोनों अर्थ  काम में आ रहे हैं।

एक और उदाहरण …
आटो  गीलो मत करे  , काठो उसणे  ।
आटा गीला मत करना , कठोर गूंधना ।

राजेन्द्र स्वर्णकार
शस्वरं



~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~

2010/7/31 farid khan <kfari...@gmail.com>

Abhay Tiwari

unread,
Jul 31, 2010, 2:25:23 AM7/31/10
to shabdc...@googlegroups.com
lakdi ki kathi me 'kathi' jean ke hi arth me istemal hua hai.. jis par
kapda -gaddi aadi rakh ke use sukomal banaaya jata hai..
vaise kevat ka kathvat aur kathuta bhi yaad kar lijye..

On 7/31/10, Rajendra Swarnkar <swarnkar...@gmail.com> wrote:
> फरीद खान जी
> अवश्य काठा शब्द कठोर के लिए भी आता है ।
> प्रस्तुत उदाहरण में भी दोनों अर्थ काम में आ रहे हैं।
>
> एक और उदाहरण …

> आटो गीलो मत करे ,* काठो* उसणे ।


> आटा गीला मत करना , कठोर गूंधना ।
> राजेन्द्र स्वर्णकार

> *शस्वरं <http://shabdswarrang.blogspot.com/>*

>> > --http:/
>> /feministpoems.blogspot.comhttp://feminist-poems-articles.blogspot.comhttp://
>> draradhana.wordpress.com
>>
>

दिनेशराय द्विवेदी

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Jul 31, 2010, 5:42:35 AM7/31/10
to shabdc...@googlegroups.com
2010/7/31 आराधना चतुर्वेदी "मुक्ति" <guddub...@gmail.com>
इसी प्रसंग में हमारी भोजपुरी में एक शब्द है " कठकरेजी" इसका भावार्थ होता है " पाषाणह्रदय" या "पत्थरदिल" , पर मूल में इसके भी लकड़ी वाला अर्थ है मतलब " लकड़ी की तरह कड़े दिल वाला" 

दिनेशराय द्विवेदी

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Jul 31, 2010, 5:45:31 AM7/31/10
to shabdc...@googlegroups.com
इधर हाड़ौती में हम उसे गाठा थामना भी कहते हैं जो कि गाढ़ा पकड़ना का ही रुप है। यहाँ काठा का अर्थ गाढ़ा या मजबूती से पकड़ना है।
ये लकड़ी की काठी तो आकार ही है।

2010/7/31 दिनेशराय द्विवेदी <drdwi...@gmail.com>

farid khan

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Jul 31, 2010, 7:38:58 AM7/31/10
to शब्द चर्चा
...........और "काठी पे घोड़ा" क्या है ? क्या बैठने वाले के लिए घोड़ा
शब्द इस्तेमाल हुआ है ? या 'काठी' घोड़े के नीचे लगा वह पाया है जिससे
झूलना संभव होता है ?

On Jul 31, 2:45 pm, दिनेशराय द्विवेदी <drdwive...@gmail.com> wrote:
> इधर हाड़ौती में हम उसे गाठा थामना भी कहते हैं जो कि गाढ़ा पकड़ना का ही रुप
> है। यहाँ काठा का अर्थ गाढ़ा या मजबूती से पकड़ना है।
> ये लकड़ी की काठी तो आकार ही है।
>

> 2010/7/31 दिनेशराय द्विवेदी <drdwive...@gmail.com>
>
>
>
>
>
> > 2010/7/31 आराधना चतुर्वेदी "मुक्ति" <guddubharg...@gmail.com>


>
> >> इसी प्रसंग में हमारी भोजपुरी में एक शब्द है " कठकरेजी" इसका भावार्थ होता
> >> है " पाषाणह्रदय" या "पत्थरदिल" , पर मूल में इसके भी लकड़ी वाला अर्थ है मतलब
> >> " लकड़ी की तरह कड़े दिल वाला"
>

> >> 2010/7/31 Rajendra Swarnkar <swarnkarrajen...@gmail.com>


>
> >>>  राजस्थानी भाषा में

> >>> *काठी *शब्द का अर्थ *कस कर पकड़ना* या *कस कर थामे रहना* होता है ।
> >>> *
>
> >>> *

> >>> दै तो दै , नईं दै तो *काठी *राख


> >>> अर्थात
> >>> देता है , तो दे दे , नहीं तो अपने पास रख ( कस कर )
>

> >>> पड़ मत जाये , घोड़ी री रास *काठी* झेलले ।


> >>> अर्थात    गिर मत जाना , घोड़ी की रास कस कर थामलो / पकड़लो ।
>

> >>> और …   मन *काठो* करलै , भाग पर किण रो जोर ?


> >>> अर्थात    मन को वश / नियंत्रण / काबू
> >>> में करले  , भाग्य पर किसका जोर ?
>
> >>> … लेकिन चर्चा में क्षेत्रीय भाषा के शब्दों की बात करना अनुचित / अनुपयोगी
> >>> हो तो , कृपया , स्पष्ट कहदें ।
>
> >>> राजेन्द्र स्वर्णकार

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अजित वडनेरकर

unread,
Jul 31, 2010, 8:50:42 AM7/31/10
to shabdc...@googlegroups.com
भाई, काठी शुद्ध ढांचा होती है। स्कैलिटन।
इस पर घोड़े का रूपाकार काठी पे घोड़ा ही कहलाएगा।
अगर गधे का रूपाकार है तो काठी पे गधा होगा

2010/7/31 farid khan <kfari...@gmail.com>
360.gif

farid khan

unread,
Jul 31, 2010, 1:01:03 PM7/31/10
to शब्द चर्चा
मतलब - पहले लकड़ी का ढाँचा बनाया (लकड़ी की काठी)
फिर उस ढाँचे को घोड़े का रूप दिया (काठी पे घोड़ा)। बाप रे, बचपन का सुना
गाना बुढ़ापे में समझ में आया।
शुक्रिया अजित भाई। शुक्रिया आप सभी सुधी जनों।

On Jul 31, 5:50 pm, अजित वडनेरकर <wadnerkar.a...@gmail.com> wrote:
> भाई, काठी शुद्ध ढांचा होती है। स्कैलिटन।
> इस पर घोड़े का रूपाकार काठी पे घोड़ा ही कहलाएगा।

> अगर गधे का रूपाकार है तो काठी पे गधा होगा[?]
>
> 2010/7/31 farid khan <kfaridb...@gmail.com>

>  360.gif
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V S Rawat

unread,
Jul 31, 2010, 1:42:51 PM7/31/10
to shabdc...@googlegroups.com
On 7/31/2010 10:31 PM India Time, _farid khan_ wrote:

> मतलब - पहले लकड़ी का ढाँचा बनाया (लकड़ी की काठी)
> फिर उस ढाँचे को घोड़े का रूप दिया (काठी पे घोड़ा)। बाप रे, बचपन का सुना
> गाना बुढ़ापे में समझ में आया।
> शुक्रिया अजित भाई। शुक्रिया आप सभी सुधी जनों।

मुझे नहीं लगता कि यह सही अर्थ है क्योंकि यह फ़िल्म में उन छोटे बच्चों के स्तर से बड़ी
बात हो गई।

लगता है गाने में कुछ और अर्थ होगा.

रावत

Ghost Buster

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Jul 31, 2010, 2:11:53 PM7/31/10
to shabdc...@googlegroups.com
रावत जी सही हैं. कोई खास अर्थ के साथ लिखा ही नहीं गया है ये गीत. बाल-गीत है तो जमकर लिबर्टी ली गयी है. घोड़े की दुम पर हथौड़ा मारने का क्या अर्थ हुआ? शब्दों से खिलवाड़ है बस.

2010/7/31 V S Rawat <vsr...@gmail.com>



--
--------------------------------------------------------
घोस्ट बस्टर का ब्लॉग
http://pret-vinashak.blogspot.com

V S Rawat

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Aug 1, 2010, 5:40:29 AM8/1/10
to shabdc...@googlegroups.com
On 8/1/2010 2:04 PM India Time, _rajesh jain_ wrote:

> On Jul 30, 10:38 pm, farid khan<kfaridb...@gmail.com> wrote:

>> "लकड़ी की काठी, काठी पे घोड़ा"
>> इसमें काठी का मतलब क्या है ?
>
>

> साइकिल की सीट को हमारे यहां काठी कहा जाता है। यहां भी सीट की संदर्भ
> में उपयोग हुआ है। -राजेश

मैं समझता था कि घोड़े पर इंसान के बैठने के लिए जो सामान घोड़े की पीठ पर बाँधा जाता
है, उसको काठी कहते हैं। उस प्रकार से बैठने के आसन को काठी कहें तो यह सायकल या अन्य
वाहनों पर बैठने के स्थान को भी काठी बना देगे। इसको अंग्रेज़ी में सैडल कहते हैं। इसका
स्कूटर या मोटरसायकलों में प्रयोग होता है केवल तभी जब आगे पीछे बैठने की कुर्सियों को
जोड़ के एक ही लंबी सीट बनाया जाता है।

यदि काठी घोड़े के ऊपर होती है तो शायद उस गाने में खिलौने वाले लकड़ी के घोड़े पर बैठने
के लिए लकड़ी का आसन हो जिसको बच्चों ने शैतानी में उल्टा कर दिया हो जिससे काठी
नीचे और घोड़ा ऊपर हो गया है तभी गाने का विचार सूझा हो।

वैसे कद-काठी भी प्रयोग होता है जिसका अर्थ बिल्ड या ढाँचा होता है।

रावत

rajesh jain

unread,
Aug 1, 2010, 4:34:26 AM8/1/10
to शब्द चर्चा

On Jul 30, 10:38 pm, farid khan <kfaridb...@gmail.com> wrote:

> "लकड़ी की काठी, काठी पे घोड़ा"
> इसमें काठी का मतलब क्या है ?

narayan prasad

unread,
Aug 1, 2010, 5:00:33 AM8/1/10
to shabdc...@googlegroups.com
<<साइकिल की सीट को हमारे यहां काठी कहा जाता है।>>

"हमारे यहाँ" से कौन-सा प्रदेश अभिप्रेत है ?

---नारायण प्रसाद

2010/8/1 rajesh jain <jain.ra...@gmail.com>

दिनेशराय द्विवेदी

unread,
Aug 1, 2010, 12:41:03 PM8/1/10
to shabdc...@googlegroups.com
काठी सीट को भी कहते हैं।

2010/8/1 V S Rawat <vsr...@gmail.com>

--
दिनेशराय द्विवेदी, कोटा, राजस्थान, भारत
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तीसरा खंबा


अफ़लातून Aflatoon

unread,
Aug 2, 2010, 2:16:41 AM8/2/10
to शब्द चर्चा
कद - काठी में भी काठी आकृति के लिए है ?

ravikant

unread,
Aug 2, 2010, 6:30:52 AM8/2/10
to shabdc...@googlegroups.com
आप सबकी बातचीत से लगता है कि गाने में काठी का भाव कुछ-कुछ फ़्रेम-जैसा बनता है।
'चौकठ' काठ के उस आयताकार ढाँचे को तो कहते ही हैं जिसमें दरवाज़े लगते हैं।

रविकान्त

sushrut jalukar

unread,
Aug 3, 2010, 1:48:22 AM8/3/10
to shabdc...@googlegroups.com
मतलब लठ..ऐसी लठ, जिसपर एक अश्व के वजन जितना भार सहेनें की क्षमता हो। या जिसपर उस लठ पर आसानी से खिलौना लग पाएँ।

सुश्रुत

2010/7/30 farid khan <kfari...@gmail.com>
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