अग्रहायण बनाम मार्गशीर्ष

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narayan prasad

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Aug 13, 2013, 12:27:39 AM8/13/13
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मार्गशीर्ष को अग्रहायण नाम भी दिया गया है । अग्रहायण का शाब्दिक अर्थ है - वर्ष का आरम्भ । अतः किसी न किसी क्षेत्र में मार्गशीर्ष से वर्ष का आरम्भ माना जाता था (दे॰ Albiruni's India, Vol.II, pp.8-9) । अग्रहायण शब्द 'आग्रहायणी' नक्षत्र से संबंधित है जो मृगशीर्ष या मृगशिरा का ही दूसरा नाम है । अग्रहायण का तद्भव रूप 'अगहन' है । महाभारत में दो स्थलों में मार्गशीर्षादि बारहों महीनों का उल्लेख है । (दे॰ शंकर बाळकृष्ण दीक्षित कृत "भारतीय ज्योतिषशास्त्राचा इतिहास) ।

मैं जानना चाहता हूँ कि अग्रहायण शब्द कितना पुराना है, सबसे पहले इस शब्द का प्रयोग कहाँ मिलता है ।

--- नारायण प्रसाद

Arvind Mishra

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Aug 13, 2013, 9:25:15 PM8/13/13
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कृष्ण ने गीता में अपने को महीनों में मार्गशीर्ष कहा है और ऋतुओं में बसंत!  लगता है कभी मासारंभ  इसी माह से होता रहा होगा जो अब चैत माह से होता है . अग्रहायण भी इसलिए कहा गया .
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