Re: [JanVikalp OLD] प्रकाशनार्थ : प्रेमकुमार मणि से प्रमोद रंजन की बातचीत

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JAN (Old)

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Nov 26, 2022, 4:03:58 AM11/26/22
to JAN (Old)
प्रिय डॉ प्रजापति जी, 
एक मित्र की सलाह पर 21 फरवरी, 2022 को 2000 रूपए भेजे थे। आपको मेल भी किया था। लेकिन कोई उत्तर नहीं मिला।
रसीद संलग्न कर रहा हूं। क्या यह राशि आपको मिल चुकी है?

भवदीय 
प्रमोद रंजन
9811884495

Adress:
Dr. Pramod Ranjan
Housing Board Colony
(In front of Khadi Board Office, Near Agriculture office Tinali)
Diphu, Assam.
Pin 782460
Mo : 9811884495


---------- Forwarded message ----------
From: nagfani 81 <nagf...@gmail.com>
To: janv...@googlegroups.com
Cc: 
Bcc: 
Date: Sat, 26 Nov 2022 07:20:44 +0530
Subject: Re: [JanVikalp OLD] प्रकाशनार्थ : प्रेमकुमार मणि से प्रमोद रंजन की बातचीत
स्वागत  है, आप  हमारे त्रैमासिक   पत्रिका 'नागफनी' में सदस्य बनकर  नागफनी परिवार से जुड़िये,पेपर के साथ अपने डाक का पता पिन कोड के साथ भेजिए साथ ही पत्रिका को  भेजी गयी सदस्यता राशी का स्क्रीन शॉट भी संलग्न करिये. आपका लेख  आगामी जनवरी  से मार्च 44वां अंक में प्रकाशित करने का निर्णय कमेटी ने लिया है. ज्यादा जानकारी के लिए गूगल में "नागफनी पत्रिका"या http:naagfani.com सर्च करिये  या 9752998467 पर सम्पर्क करिये.-कार्यकारी संपादक डॉ. एन.पी. प्रजापति 

On Fri, 25 Nov 2022 at 23:35, JAN (Old) <janv...@googlegroups.com> wrote:
साहित्यकार प्रेमकुमार मणि अपनी उत्कृष्ट कहानियों और वैचारिक लेखों के लिए जाने जाते हैं। उनके पांच कहानी-संकलन, एक उपन्यास और लेखों के कई संकलन प्रकाशित हैं। ‘अकथ कहानी’ शीर्षक से उनकी आत्मकथा शीघ्र प्रकाश्य है। इस बातचीत में प्रेमकुमार मणि के जीवन के कई पहलु पहली बार पाठकों के सामने आए हैं

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