चित्रकूट मैहर एवं अमरकंटक एक नवम्बर से विधिवत पवित्र नगर होंगे
चित्रकूट में पवित्र नगरों के समग्र विकास संबंधी बैठक सम्पन्न
आगामी एक नवम्बर से सतना जिले के चित्रकूट एवं मैहर तथा अनूपपुर जिले के अमरकंटक को पवित्र नगर का विधिवत दर्जा प्रदान किया जा रहा है । प्रमुख सचिव नगरीय प्रशासन एवं विकास श्री सत्य प्रकाश ने रीवा संभाग एवं सतना जिले के वरिष्ठ अधिकारियो की बैठक में पवित्र नगर चित्रकूट, मैहर एवं अमरकंटक की समग्र विकास योजनाओं तथा कार्यक्रमों की समीक्षा की।
बैठक को संबोधित करते हुए प्रमुख सचिव नगरीय प्रशासन श्री सत्यप्रकाश ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री बाबूलाल गौर की मंशानुसार सतना जिले के चित्रकूट, मैहर एवं अनूपपुर जिले के अमरकंटक को एक नवम्बर 2005 से पवित्र नगरी का दर्जा प्रदान कर इन स्थानों के समग्र विकास के कार्यक्रम संचालित किये जायेंगे। उन्होंने कहा कि पवित्र नगरों की समेकित विकास की योजना आगामी 20-25 वर्षो की आवश्यकतानुसार बनाई जायें। प्रमुख सचिव ने बताया कि केन्द्र सरकार की आई.डी.यू. एस.एम.टी. योजना के तहत नगरों के विकास हेतु 500 करोड़ रूपये का प्रावधान रखा गया है। पवित्र नगरों के विकास के लिए इस योजनान्तर्गत प्रस्ताव तैयार कर भेजें।
प्रमुख सचिव ने कहा कि भोपाल से म.प्र. विकास प्राधिकारण संघ के अधिकारी यहां आकर चित्रकूट का प्लान भी शीघ्र तैयार करेंगे। उन्होंने कहा कि प्रत्येक नगर के सुनियोजित विकास के लिए मास्टर प्लान तैयार होता है। मास्टर प्लान का कड़ाई से पालन किया जाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि पवित्र नगरों की सडकों, बस स्टैण्ड की सुचारू व्यवस्था तथा मंदिरों के समुचित विकास पर विशेष ध्यान दिया जाये। प्रमुख सचिव ने कहा कि चित्रकूट, अमरकंटक, मैहर में धामिर्क मेले एवं धामिर्क आयोजन होते है। लाखों की संख्या में श्रद्वालु एवं तीर्थ यात्री इन नगरों में आते है। अत: श्रद्वालुओं के लिए सुविधायें बढाकर स्थानीय निकाय अपने राजस्व में वृद्वि कर सकते हैं। धामिर्क महत्व के इन स्थलों पर अच्छी से अच्छी सुविधायें देने के प्रयास भी किये जायें। श्री सत्यप्रकाश ने बताया कि इन पवित्र नगरो ंके विकास के लिए प्रारंभिक तौर पर दस-दस लाख रूपये का आवंटन किया गया है। इस अतिरिक्त राशि से जनभागीदारी एवं जनसहयोग से कई कार्य किये जा सकते है।
बैठक में संभागायुक्त श्री प्रभांशु कमल ने बताया कि पवित्र नगर मैहर, चित्रकूट एंव अमरकंटक के संबंध में जनप्रतिनिधियों, स्थानीय निवासियों की बैठक लेकर कार्ययोजना संबंधी जानकारी एवं सुझाव प्राप्त किये गये है। अमरकंटक के लिये 39.37 करोड़ रूपये तथा चित्रकूट के विकास के लिए 22 करोड 60 लाख रूपये की योजना तैयार की गई है। मैहर मंदिर की वेवसाइट तैयार कर लांच की गई है, जिससे आन लाइन पूजा, दर्शन एवं दान की व्यवस्था की जायेगी। कलेक्टर ने बताया कि मैहर में मंदिर क्षेत्र में लगभग 1.7 करोड रूपये के सौन्दयीर्करण तथा चित्रकूट में लगभग 10 करोड रूपये लागत के विकास और सौन्दयीर्करण के कार्य जनभागीदारी से संचालित है।
पुलिस महानिरीक्षक बी. मारिया कुमार ने नयागांव थाना एवं रेंज का नाम चित्रकूट पर रखने का सुझाव दिया । एस.डी.एम. मैहर गौतम सिंह ने राष्ट्रीय राजमार्ग पर डिवाइडर बनाने, संगीत महाविद्यालय के लिए आडिटोरियम तथा बाबा अलाउददीन खां से संबंधित वाद्ययंत्रों एवं क्षेत्र की प्राचीन महत्व की बस्तुओं को संग्रहीत करने के उद्देश्य से पुरातत्व संग्रहालय की स्थापना मैहर में करने का सुझाव दिया। मुख्य नगर पालिका अधिकारी ने मैहर, चित्रकूट एवं अमरकंटक में पवित्र नगरों के संबंध मे किये जा रहे कार्यो के बारे में जानकारी दी । इस मौके पर मैहर मंदिर में किये गये सौन्दयीर्करण कार्य एवं अमरकंटक में किये गये विकास कार्यो की छायाचित्र प्रदर्शनी भी लगाई गई थी। बैठक में मुख्यमंत्री के सचिव श्री एस.एस. उप्पल, कलेक्टर श्री उमाकान्त उमराव तथा पुलिस अधीक्षक श्री साजिद फरीद सापू भी उपस्थित थे।