एक नवंबर से लागू होगी सांझा चूल्हा योजना, आंगनवाड़ी केन्द्रों में 31 अक्टूबर तक का ही पोषण आहार रखने के निर्देश
Bhopal:Monday, September 14, 2009
मध्यप्रदेश में आगामी एक नवंबर से आंगनवाड़ी केन्द्रों के लिए पोषण आहार की व्यवस्था सांझा चूल्हा के माध्यम से की जायेगी। जिसके लिए शासन अलग से सभी समेकित बाल विकास परियोजनाओं को निर्देश जारी करेगा।
संचालक, महिला एवं बाल विकास श्री गुलशन बामरा ने समस्त कलेक्टरों, जिला पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों, जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारियों तथा सीडीपीओ को आंगनवाड़ी केन्द्रों के लिए 31 अक्टूबर तक का ही स्टॉक रखने को कहा है। उनसे कहा गया है कि वे पोषण आहार क्रय करने या अनुबंध करने आदि में ऐसी व्यवस्था करें कि 31 अक्टूबर तक आंगनवाड़ी केन्द्रों में वर्तमान व्यवस्था के पोषण आहार का स्टॉक निरंक हो जाए। किसी भी संस्था की देनदारी अथवा लेनदारी शेष न रहे। इन निर्देशों का कड़ाई से पालन किया जाए।
शासन द्वारा पूर्व में भी ग्रामीण समेकित बाल विकास परियोजनाओं में तीन से छ: वर्ष तक के बच्चों को पूरक पोषण आहार के प्रदाय के संबंध में निर्देशित किया जा चुका है। इन निर्देशों के अनुसार जिलों में ग्रामीण बाल विकास परियोजनाओं में पोषण आहार की व्यवस्था 31 अक्टूबर तक के लिए ही किया जाना है।