कृपया ध्यान दें... (Attentions Please)

0 views
Skip to first unread message

Mahesh Barmate

unread,
Aug 10, 2011, 2:47:12 PM8/10/11
to hindi-blog...@googlegroups.com
हिन्दी ब्लॉगिंग गाइड के फेसबुक ग्रुप के सम्मानित सदस्यों कृपया मेरी बात ध्यान से सुनें...

कृपया हिन्दी ब्लॉगिंग गाइड के फेसबुक ग्रुप पे श्री नीरज मित्तल जी  द्वारा लिखे गए पोस्ट के जैसे पोस्ट न लिखें... अगर आप अपने ब्लॉग का कोई लिंक यहाँ साझा करना चाहते हैं तो बेशक करें, पर अगर आपके लेख मे हिन्दी ब्लॉगिंग से संबन्धित कोई नयी - पुरानी जानकारी हो तो बहुत ही अच्छा होगा। अन्यथा आपके ऐसे पोस्ट के संग आपको भी इस ग्रुप से निष्काषित कर दिया जाएगा... 
----------------

नीरज जी की लिखी हुई पोस्ट है - 

‎.. each and every hindu organisation is working for their prosperity
not .for the country , not..for the religion
hindus doesn't have FIRE 4 THIER RELIGION.....
insecurity element is very much...
savarkar analyise why we become GULAM for 1000 YEARS
even english peoples r teaching us ...HOW TO WORSHIP LORD KRSNA.....what a tragady...??
see ISKON......i like their approach towards krsna
foreigners understand our culture more than we do
pure bhakti.com is a notable site
because some egoistic personalities creates a lot of problems....somewhere we lost the scientific & analytic attitude of our rishies....& we r still paying 4 it
what rearch work is done by these dirty org. to explore hinduism in a pleasant way
is their any site on google in hindi language 4 sanatan dharma
only english sites r open when we want to find something on hinduism
vese hum hindi hindi chillatain karte rehten hain
what is your opinion ...???
PLEASE FORGIVE ME ....I CAN NOT SEE SUCH A DURDASHA OF OF OUR VEDIC WISDOM.....

please read ESSAYS ON GITA ( BY: SRI AUROBINDO)

इस पर मेरा कमेन्ट रहा - 

आप बोल रहे हैं कि हम हिन्दी-हिन्दी चिल्लाते रहते हैं, पर कुछ भी जब हिन्दुत्व (आपके अनुसार hinduism) के बारे मे खोजना होता है, इंग्लिश मे ही है... 
और दूसरी तरफ आप एक वैबसाइट purehindi.com का भी विज्ञापन कर रहे हैं, जिसमे लिखी सारी बातें इंगलिश मे ही हैं...
अब आप ही बोलें कि आप क्या कर रहे हैं ? हिन्दी को बढ़ावा दे रहे हैं या हिन्दुत्व को या हमारे प्यारे भारत की राजभाषा - हिन्दी को ?
-----------------

हिंदी ब्लॉग्गिंग गाइड के प्रमुख प्रचारक होने के नाते मैं आप सभी से अपील करता हूँ कि कृपया हिंदी ब्लॉग्गिंग गाइड के फेसबुक ग्रुप को हिंदी लेखन व हिंदी ब्लॉग्गिंग गाइड या हिंदी ब्लॉग्गिंग को बढ़ावा देने में उपयोग करें, ना कि इसे धार्मिक अखाड़ा बनाने के लिए...

धन्यवाद 

महेश बारमाटे "माही"
हिंदी ब्लॉग्गिंग गाइड टीम

नोट - अगर आपको मेरे किसी भी शब्द या वाक्य का बुरा लगा हो तो कृपया मुझे जरूर बताएं... मैं आपकी बात पर गौर जरूर करूँगा.. 
Reply all
Reply to author
Forward
0 new messages