मर्यादित जीवन, पितृभक्ति के प्रतीक ' भगवान राम'

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Kamal Gupta

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Mar 27, 2015, 11:45:41 PM3/27/15
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रामनवमी हिंदुओं के प्रमुख त्योहारों में से एक है। इसे भगवान राम के जन्म दिवस के रूप में सम्पूर्ण भारतवर्ष में हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है। ऐसी मान्यता है कि असुरों के राजा रावण का संहार करने के लिए भगवान विष्णु ने त्रेता युग में राम के रूप में विष्णु का सातवां अवतार लिया था। वाल्मीकि रामायण के मुताबिक, राम का जन्म चैत्र मास की नवमी को पुनर्वसु नक्षत्र तथा कर्क लग्न में अयोध्या के राजा दशरथ की पहली पत्नी कौशल्या के गर्भ से हुआ था। तब से यह दिन समस्त भारत में रामनवमी के रूप में मनाया जाता है। जीवनर्पयत मर्यादा का पालन करने की वजह से वह 'मर्यादा पुरुषोत्तम' के नाम से जाने गए। अयोध्या के राजकुमार होते हुए भी उन्होंने अपने पिता के वचन को पूरा करने के लिए वैभव का त्यागकर 14 वर्ष तक जंगल में व्यतीत किया और इन्हीं गुणों से भगवान राम युगों-युगों तक भारतीय जनमानस पर अपनी अमिट छाप छोड़ते आए हैं।

Read more at: http://hindi.oneindia.com/art-culture/2013/ram-navmi-special-on-life-of-lord-rama-239158.html



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Er. Kamal Gupta
09416668359
09355427995
Assistant Professor, CSE & IT Department
GNIT, Mullana, Distt:- Ambala, Haryana, INDIA

http://www.gni.edu.in/faculty-gnit.php?FID=57

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