कहा था ना !

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PRiTaM

unread,
Sep 12, 2008, 5:13:10 AM9/12/08
to Feel Better
कहा था ना !
मुझे इस तरह
सोते हुए मत छोड़ कर जाना
मुझे बेशक जगा देना
बता देना …
मोहब्बत के सफर में
साथ मेरे चल नहीं सकतीं
जुदाई में हिज्र में
साथ मेरे जल नहीं सकतीं
तुम्हें रास्ता बदलना है
मेरी हद से निकालना है
तुम्हें किस बात का डर था
तुम्हें जाने नहीं देता ??
कहीं पर कैद कर लेता ??
अरे पगली !!!!!
मोहब्बत की तबियत
ज़बरजस्ती नहीं होती
जिसे रास्ता बदलना हो
उससे रास्ता बदलने से
जिसे हद से निकालना हों
उसे हद से निकलने से
ना कोई रोक पाया है
ना कोई रोक पाये गा
मुझे बेशक जगा देती
तुम्हें किस बात का डर था
मैं तुम को देख ही लेता
तुम्हे कोई दुआ देता
कम से कम यूं तो ना होता
मेरे साथी हकीकत है
तुम्हारे बाद ………………..
खोने के लिए
अब कुछ नहीं बाकी
मगर खोने से डरता हूँ
मैं अब सोने से डरता हूँ !!!!!!!!
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