माकपा का चेहरा और काग्रेस का मौन समर्थन(Must Read)

0 views
Skip to first unread message

CksHindu

unread,
Nov 5, 2007, 4:05:10 AM11/5/07
to ckshindu
आज कल नंदीग्राम माकपा काडर के द्वरा जो कुछ हो रहा है उसके बारे मे ना
तो आज तक कोई तालीबानी मीडिया बालो ने कहा और न इस देश के प्रधानमन्त्री
मनमोहन जी , सोनिया गान्धी या काग्रेस के द्वारा ही कुछ कहा गया हो।
14 मार्च को हुई घटना और उसके बाद सीपीएम के बंद के दौरान गायब हुए दो सौ
लोगों का अब तक कोई अता-पता नहीं है्. हां। कुछ लाशें हैं जो इलाके में
इस हालत में पायी गयी हैं| नंदीग्राम में गैर सरकारी स्रोत बताते हैं कि
डेढ़ सौ से ज़्यादा लोग मारे गये. लाशें नदी में बहा दी गयीं. दो सौ लोग
अब भी लापता हैं.
18 दिसंबर 2006 को मुंह अंधेरे तापसी मलिक रोज की भांति घर से निकली थी
ताकि उजाला होने से पहले वह दिशा मैदान से निपट ले. तापसी निकली ही थी कि
कुछ लोगों ने उसे घेर लिया. उसका हाथ-पैर-मुंह बांध दिया गया. वामपंथी
गुंडों ने बारी-बारी से उसके साथ बलात्कार किया. फिर उसे एक जलती भट्टी
में डाल दिया गया. तापसी मलिक का अंत हो गया|

full Article
www.ckshindu.blogspot.com

Reply all
Reply to author
Forward
0 new messages