स्पेशल अलाउंस केस क्या हम सुप्रीम कोर्ट में हार जाएंगे

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Vivek Pare

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12:18 AM (2 hours ago) 12:18 AM
to bankpe...@googlegroups.com, Vivek Pare
बैंकों में **स्पेशल अलाउंस (Special Allowance)** की शुरुआत **10वें द्विपक्षीय समझौते (10th Bipartite Settlement)** के तहत हुई थी।

इस समझौते पर **25 मई 2015** को हस्ताक्षर किए गए थे, लेकिन इसे **1 नवंबर 2012** से प्रभावी (w.e.f.) माना गया था।

इस समझौते के तहत तय की गई मुख्य शर्तें इस प्रकार थीं:

### 1. कर्मचारियों (Workmen/Award Staff) के लिए:

* मूल वेतन (Basic Pay) का **7.75%** स्पेशल अलाउंस तय किया गया, जिस पर महंगाई भत्ता (DA) भी देय था।

### 2. अधिकारियों (Officers) के लिए:

* **Scale I से III:** बेसिक पे का **7.75%** + डीए
* **Scale IV से V:** बेसिक पे का **10%** + डीए
* **Scale VI से VII:** बेसिक पे का **11%** + डीए

### सबसे महत्वपूर्ण शर्त (Note):

इस सेटलमेंट में स्पष्ट रूप से यह शर्त जोड़ी गई थी कि इस स्पेशल अलाउंस (और इस पर मिलने वाले DA) को **सुपरएनुएशन बेनिफिट्स (Superannuation Benefits)** जैसे कि पेंशन (pension), पीएफ (PF), और ग्रेच्युटी (Gratuity) की गणना के लिए आधार नहीं माना जाएगा (not be reckoned)। इसी शर्त के कारण यह अलाउंस बाद में बैंक यूनियनों और रिटायरीज के बीच एक बड़ा कानूनी और प्रशासनिक विवाद का विषय बन गया।

Thanks and regards
Vivek Pare
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