HNY 2015, Poem by SUNIL JI GARG

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SUNIL JI GARG

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Dec 31, 2014, 9:39:13 AM12/31/14
to apnemoti83
नए साल पर नया मजा हो नया मिले कोई रस्ता,
अच्छे दिन आ जाएँ सभी के, मॉल मिले सब सस्ता |
मॉल मिले सब सस्ता भैया, रहे न कोई भूखा,
हरे भरे अब खेत रहें सब, पड़े कहीं न सूखा |
मन मुटाव की आदत छूटे, करे न कोई लड़ाई,
धरम से आगे देश आपका, इसमें सबकी भलाई |
आगे बढ़कर उसे थाम लें, गिरे अगर कोई साथी,
दरद सभी को एक सा होता, कोई धरम हो जाती|
महिलायों का सम्मान, सबको करना होगा,
न्याय यहाँ पर एक बराबर, सच तब सपना होगा|
कूड़ा हटाना काम और का, बात ये छोड़नी होगी,  
साफ़ सफाई अन्दर बाहर, दोनों करनी होगी | 
पथ विकास का सबसे अच्छा, जाने बच्चा बच्चा,
नए साल पर इसी बात पर ध्यान लगावें सच्चा | 

हर बार सोचते ही थे, पर इस बार सचमुच कुछ बदलेगा
क्योंकि लीडर नया है , उत्साह नया है .

सुनील जी गर्ग
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