पर्यायवाची शब्द

31,752 views
Skip to first unread message

Shreenivas Naik

unread,
Jul 8, 2016, 1:28:03 AM7/8/16
to hind...@googlegroups.com

पर्यायवाची शब्द
जो शब्द अर्थ की दृष्टि से समान होते हैँ, वे पर्यायवाची शब्द कहलाते हैँ। हिन्दी भाषा मेँ प्रयुक्त होने वाले सभी शब्द अपना स्वतंत्र अर्थ रखते हैँ तथा कोई भी शब्द पूरी तरह से दूसरे शब्द का पर्याय नहीँ होता, फिर भी कुछ समानताओँ के आधार पर इन्हेँ पर्यायवाची मान लिया जाता है। परन्तु स्मरणीय बात यह है कि अर्थ मेँ समानता होते हुए भी पर्यायवाची शब्द प्रयोग मेँ सर्वथा एक–दूसरे का स्थान नहीँ ले सकते। जैसे– मृतात्माओँ के तर्पण के लिए जल शब्द का प्रयोग उपयुक्त है, पानी का नहीँ।

प्रत्येक पर्यायवाची शब्द का वाक्य प्रयोग के अनुसार ही उचित अर्थ बैठता है। अतः भावानुसार इन शब्दोँ का प्रयोग करना चाहिए। पर्यायवाची शब्द गद्य या पद्य साहित्य को पुनरुक्ति दोष से ग्रसित होने से बचाते हैँ।

महत्त्वपूर्ण पर्यायवाची शब्द–
• अंधकार — तम, तिमिर, अँधेरा, अँधियारा, ध्वांत, तमिस्र, तमस।
• अंधा — नेत्रहीन, चक्षुहीन, विवेकशून्य, दृष्टिहीन।
• अहंकार — दर्प, दम्भ, अभिमान, घमण्ड, गर्व, मद।
• अतिथि — मेहमान, पाहुना, आगंतुक, अभ्यागत, बटाऊ।
• अग्नि — आग, अनल, पावक, वह्नि, ज्वाला, कृशानु, वैश्वानर, धनंजय, दहन, सर्वभक्षी, जातवेद, हुताशन, हव्यवान, ज्वलन, शिखा, वैसन्दर, रोहिताश्व, कृपीटयोनि, तनूनपात, शोचिष्केनश, उषर्बुध, आश्रयाश, वृहदभानु, वायुसख, चित्रभानु, विभावस्, शुचि, अप्पिन्त।
• अकाल — सूखा, दुर्भिक्ष, भुखमरी, कमी, काळ (राजस्थानी)।
• अध्यापक — गुरु, आचार्य, शिक्षक, प्रवक्ता, उपाध्याय।
• अमृत — सुधा, पीयूष, अमिय, सोम, सुरभोग, जीवनोदक, अमी, मधु, दिव्य पदार्थ।
• अनुपम — अनूप, अपूर्व, अतुल, अनोखा, अद्भुत, अनन्य, अद्वितीय, बेजोड़, बेमिसाल, अनूठा, निराला, अभूतपूर्व, विलक्षण।
• असुर — दैत्य, दानव, राक्षस, निशाचर, रजनीचर, दनुज, रात्रिचर, जातुधान, तमीचर, मायावी, सुरारि, निश्चिर, मनुजाद।
• अचल — अटल, अडिग, अविचल, स्थिर, दृढ़।
• अनाथ — यतीम, नाथहीन, बेसहारा, दीन, निराश्रित।
• अपमान — अनादर, बेइज्जती, अवमानना, निरादर, तिरस्कार।
• अभिजात — संभ्रान्त, कुलीन, श्रेष्ठ, योग्य।
• अभिप्राय — आशय, तात्पर्य, मतलब, अर्थ, मंशा, व्याख्या, भाष्य, टीकापिप्पणी।
• अरण्य — जंगल, अटवी, विपिन, कानन, वन, कान्तार, दावा, गहन, बीहड़, विटप।
• अजेय — अदम्य, अपराजेय, अपराजित, अजित।
• अन्य — पर, भिन्न, पृथक, और, दूसरा, अलग।
• अनुचर — भृत्य, किँकर, दास, परिचारक, सेवक।
• अनार — शुकप्रिय, रामबीज, दाड़िम।
• अर्जुन — पार्थ, धनंजय, सव्यसाची, गाण्डीवधारी।
• अक्षर — हरफ, ब्रह्म, अ आदि वर्ण, अविनाशी।
• अनाज — अन्न, धान्य, खाद्यान्न, शस्य, गल्ला।
• अधिकार — हक, स्वामित्व, स्वत्व, कब्जा, आधिपत्य।
• अनुमान — अंदाज, तखमीना, अटकल, कयास।
• अनुमति — इजाजत, आज्ञा, अनुज्ञा, मंजूरी, स्वीकृति।
• अप्सरा — देवांगना, सुरांगना, देवकन्या, सुखनिता, अरुणप्रिया।
• अवनति — अपकर्ष, ह्रास, गिराव, उतार।
• अशुद्ध — दूषित, अपवित्र, मलिन, गंदा, गलत।
• अस्त — ओझल, गायब, छिपना, तिरोहित।
• आँख — नेत्र, नयन, चक्षु, दृग, लोचन, अक्षि, नजर, दृष्टि, विलोचन।
• आँसू — अश्रु, नयनजल, नेत्रनीर, नैत्रज, दृगजल, दृगम्बु।
• आँधी — तूफान, चक्रवात, झंझावत, बवंडर।
• आँगन — अंगना, प्रांगण, बाखर, बगर, अजिर, बाड़ा।
• आकाश — नभ, अंबर, व्योम, गगन, अनंत, शून्य, तारापथ, अन्तरिक्ष, दुष्कर, आसमान, महानील, द्यौ, शून्यरव, दिव, अभ्र, सुखर्त्यन्, क्यित, विहायस, नाक, द्युस्।
• आम — आम्र, रसाल, सहकार, अमृतफल, अम्बु, सौरभ, मादक।
• आनन्द — आमोद, प्रमोद, प्रसन्नता, हर्ष, उल्लास, आह्लाद, मोद, मुद, खुशी, मजा, सुख, चैन, विहार।
• आन — प्रण, प्रतिज्ञा, हठ, शपथ, घोषणा, मर्यादा।
• आभूषण — जेवर, गहना, भूषण, आभरण, मंडन, अलंकार।
• आत्मा — चैतन्य, विभु, जीव, सर्वज्ञ, सर्वव्याप्त, देव, चेतनतत्त्व, अन्तःकरण।
• आज्ञा — आदेश, निदेश, हुक्म।
• आयु — उम्र, वय, अवस्था, जीवनकाल।
• आदर्श — मानक, प्रतिमान, नमूना, प्रतिरूप।
• आदि — प्रथम, आरम्भिक, पहला, अथ।
• आपत्ति — विपत्ति, आपदा, संकट, मुसीबत।
• आश्रय — अवलंब, सहारा, आधार, प्रश्रय, आसरा।
• आश्रम — कुटी, विहार, मठ, संघ, अखाड़ा।
• आचरण — व्यवहार, चाल–चलन, बरताव।
• आयुष्मान — चिरायु, दीर्घायु, चिरंजीव।
• इन्द्र — महेन्द्र, देवराज, देवेश, सुरपति, शचिपति, वासव, पुरन्दर, सुरेन्द्र, सुरेश, देवेन्द्र, मघवा, शक्र, पुरहूत, देवपति, उर्वशीनाथ, सुनासीर, वज्री, वृत्रहा, नाकपति, सलस्राक्ष।
• इच्छा — अभिलाषा, आकांक्षा, कामना, चाह, ईप्सा, मनोरथ, ईहा, स्पृहा, उत्कंठा, लालसा, वांछा, लिप्सा, काम, चाव।
• ईश्वर — परमात्मा, प्रभु, ईश, जगदीश, भगवान, परमेश्वर, जगदीश्वर, विधाता, दीनबन्धु, जगन्नाथ, हरि, राम, विश्वम्भर।
• ईर्ष्या — जलन, डाह, द्वेष, खार, रश्क, कुढ़न।
• ईनाम — उपहार, पुरस्कार, पारितोषिक, बख्शीश।
• ईमानदारी — सदाशयता, निष्कपटता, दयानतदारी।
• उपहास — मजाक, खिल्ली, परिहास, मखौल, हास, प्रहसन्न, हँसी, लास।
• उपवन — बाग, बगीचा, उद्यान, वाटिका, फुलवारी, गुलशन।
• उत्तम — श्रेष्ठ, उत्कृष्ट, प्रवर, प्रकृष्ट, बेहतरीन, अच्छा।
• उत्थान — उत्कर्ष, आरोह, चढ़ाव, उत्क्रमण, उन्नति, प्रगति, उन्नयन।
• उदाहरण — दृष्टांत, मिसाल, नजीर, नमूना।
• उपकार — भलाई, नेकी, हितसाधन, कल्याण, मदद, परोपकार।
• उत्सव — समारोह, पर्व, त्यौहार, जलसा, जश्न।
• उदय — प्रकट होना, आरोहण, चढ़ना।
• उदास — दुखी, रंजीदा, विरक्त, अनमना, अन्यमनस्क।
• उद्देश्य — लक्ष्य, ध्येय, हेतु, प्रयोजन।
• उद्यम — साहस, उद्योग, परिश्रम, व्यवसाय, धंधा, कार्य, व्यापार, कर्म, क्रिया।
• उपमा — तुलना, मिलान, सादृश्य, समानता।
• उदर — पेट, कुक्ष, जठर।
• ऊँट — उष्ट्र, क्रमलेक, मरुयान, लम्बोष्ठ, महाग्रीव।
• एकान्त — सूना, निर्जन, जनशून्य।
• ऐश्वर्य — वैभव, सम्पन्नता, समृद्धि, प्रभुत्व, ठाठ–बाट।
• ओझल — गायब, लुप्त, अदृश्य, अंतर्धान, तिरोभूत।
• ओस — तुषार, हिमकण, शबनम, हिमबिँदु।
• ओष्ठ — अधर, रदच्छद, लब, किनारा, होठ, ओँठ।
• कमल — नलिन, अरविन्द, उत्पल, राजीव, पद्म, पंकज, नीरज, सरोज, जलज, जलजात, वारिज, शतदल, अम्बुज, पुण्डरिक, अब्ज, सरसिज, इंदीवर, ताम्ररस, कंज, वनज, अम्भोज, सहस्रदल, पुष्कर, कुवलय, पङ्करुह, सरसीरुह, कोकनद।
• कल्पवृक्ष — देवदारु, सुरतरु, मन्दार, पारिजात, कल्पद्रुम, देववृक्ष, सुरद्रुम, कल्पतरु।
• कबूतर — कपोत, हारीत, परेवा, पारावत, रक्तलोचन।
• कर्ण — अंगराज, सूतपुत्र, सूर्यपुत्र, राधेय, कौन्तेय।
• करुणा — दया, प्रसाद, अनुग्रह, अनुकंपा, कृपा, मेहरबानी।
• कर्ज — ऋण, उधार, देनदारी, देयता।
• कलंक — लांछन, दोष, दाग, तोहमत, धब्बा, कालिख पोतना।
• कमर — कटि, श्रोणि, लंक, मध्यांग।
• कस्तूरी — मृगनाभि, मृगमद, मदलता।
• कवि — कल्पक, सृष्टा, काव्यकार, रचनाकार।
• कलश — घट, घड़ा, गागर, गगरी, मटका, घटिका, कुंभ, कुट।
• कपड़ा — वस्त्र, चीर, वसन, अंबर, पट, कर्पट, दुकूल, परिधान।
• कष्ट — दुःख, दर्द, पीड़ा, मुसीबत, व्यथा, कठिनाई, व्याधि, कलेश, विषाद, संताप, वेदना, यातना, यंत्रणा, पीर, भीर, संकट, शोक, श्वेद, क्षोम, उत्पीड़न।
• कामदेव — काम, अनंग, मदन, मनोज, मन्मथ, कन्दर्प, स्मर, रतिपति, पुष्पधन्वी, मयन, मीनकेतु, पंचशर, मकरध्वज, मनसिज, पुष्पशायक, पंचबाण, मनोभव, कुसुमायुध, मार, सारंग, दर्पक, शम्बरारि।
• कान — कर्ण, श्रवण, श्रवणेन्द्रिय, श्रोत, श्रुतिपुट, श्रुतिपटल।
• कान्ति — चमक, आभा, प्रभा, सुषमा, द्युति।
• किरण — रश्मि, कर, मरीचि, मयूख, अंशु, दीधिति, वसु, ज्योति, दीप्ति।
• किताब — पोथी, ग्रन्थ, पुस्तक, गुटका।
• किनारा — तट, तीर, कूल, पुलिन, पर्यंत, बेलातट।
• कुबेर — यक्षराज, धनाधिप, धनद, धनपति।
• कुत्ता — श्वान, शुनक, गंडक, कूकर, श्वजन।
• क्रूर — निष्ठुर, निर्मोही, बर्बर, नृशंस, निर्दयी।
• कृष्ण — श्याम, कन्हैया, वासुदेव, मोहन, राधास्वामी, नंदलाल, मुरलीधर, बनवारी, माधव, मधुसूदन, गिरिधर, गोपाल, गोपीवल्लभ, विश्वंभर, नटवर, गिरधारी, चतुर्भुज, नारायण, जनार्दन, पुरुषोत्तम, अच्युत, गरुड़ध्वज, कैटमारि, घनश्याम, चक्रपाणि, पद्मनाभ, राधापति, मुकुन्द, गोविन्द, केशव।
• कृतज्ञ — आभारी, उपकृत, अनुगृहीत, कृतार्थ, ऋणी।
• कृषक — किसान, हलवाहा, भूमिसुत, खेतिहर, कृषिजीवी, हलधर, अन्नदाता, भूमिपुत्र।
• क्रोध — गुस्सा, रीस, अमर्ष, रोष, शेष, कोप, कोह, प्रतिघात।
• केला — कदली, भानुफल, रंभा, गजवसा, कुंजरासरा, मोचा।
• केश — बाल, शिरोरुह, कच, कुंतल, पश्म, चिकुर, अलक।
• कोयल — पिक, कलकंठ, कोकिला, श्यामा, काकपाली, बसंतदूत, सारिका, कुहुकिनी, वनप्रिया, सारंग, कलापी, कोकिल, परभृत।
• कौआ — काक, वायस, पिशुन, करटक, काग।
• क्षमा — माफी, सहनशीलता, सहिष्णुता।
• खंभा — यूप, स्तंभ, खंभ, स्तूप।
• खल — अधम, दुष्ट, दुर्जन, धूर्त, कुटिल, नीच, पामर, पिशुन, निकृष्ट, शठ।
• खिड़की — गवाक्ष, झरोखा, बारी, वातायन, दरीचा।
• गंगा — देवनदी, मंदाकिनी, भगीरथी, विष्णुपदी, देवपगा, ध्रुवनंदा, सुरसरिता, देवनदी, जाह्नवी, त्रिपथगा, देवगंगा, सुरापगा, विपथगा, स्वर्गापगा, आपगा, सुरधनी, विवुधनदी, विवुधा, पुण्यतीया, नदीश्वरी, भीष्मसू।
• गणेश — विनायक, गजानन, गौरीनंदन, गणपति, गणनायक, शंकरसुवन, लम्बोदर, महाकाय, एकदन्त, गजवदन, मूषकवाहन, वक्रतुण्ड, विघ्ननाशक, धूम्रकेतु, गणाध्यक्ष, गणराज, भालचन्द्र, पार्वतीनंदन, सिद्धिसदन।
• गरुड़ — वैनतेय, खगकेतु, हरिवाहन, खगेश, पक्षिराज, उरगरिपु।
• गधा — गदहा, खर, गर्दभ, रासभ, वेशर, चक्रीवान, वैशाखनन्दन।
• गला — कण्ठ, ग्रीवा, शिरोधरा।
• गाय — गौ, गऊ, गैया, धेनु, सुरभी, गौरी, पयस्विनी, दौग्धी, भ्रदा, ऋषिभि, सुरभिवच्छा, माहेयी।
• ग्रीष्म — घाम, निदाघ, ताप, ऊष्मा, गर्मी, उष्ण।
• गीदड़ — शृगाल, सियार, जंबूक।
• गुलाब — शतपत्र, पाटल, वृत्तपुष्प, स्थलकमल।
• गुरु — शिक्षक, अध्यापक, आचार्य, अवबोधक।
• घर — गृह, सदन, गेह, भवन, धाम, निकेतन, निवास, आलय, आवास, निलय, मंदिर, मकान, आगार, निकेत, अयन, आयतन, शाला, ओक, सौध, केत।
• घृत — घी, नवनीत, अमृत, आज्य, हव्य, सर्पि।
• घोड़ा — घोटक, अश्व, तुरंग, हय, वाजि, सैन्धव, तुरंगम, बाजी, वाह, तरंग, रविपुत्र।
• घोड़ी — अश्विनी, वामी, प्रसू, प्रसूका।
• चंदन — मलय, मंगल्य, गंधराज।
• चन्द्रमा — चाँद, हिमांशु, इंदु, विधु, तारापति, चन्द्र, शशि, हिमकर, राकेश, रजनीश, निशानाथ, सोम, मयंक, सारंग, सुधाकर, कलानिधि, सुधांशु, निशाकर, शशांक, राकापति, मृगांक, औषधीश, द्विजराज, रजनीपति, क्षयनाथ, विश्व विलोचन, राकेन्दु, चन्द्रिकाकान्त, दधिसुत, हियभानु, हियवान, हियकर, मरीचिमाली, क्षयाकर, नक्षत्रेश।
• चतुर — कुशल, प्रवीण, निपुण, योग्य, पटु, नागर, होशियार, दक्ष, चालाक।
• चरण — पद, पग, पाँव, पैर, पाँव।
• चाँदनी — चन्द्रिका, कौमुदी, ज्योत्स्ना, चन्द्रमरीचि, उजियारी, अमला, जुन्हाई।
• चाँदी — रजत, रूपक, रूपा, रौप्य, कलधौत, जातरूप।
• चोर — धनक, रजनीचर, तस्कर, मौषक, कुंभिल।
• छल — कपट, छद्म, धोखा, व्याज, वंचना, प्रवंचना, ठगी।
• छिपकली — गोधिका, विषतूलिका, माणिक्य।
• जंगल — विपिन, कानन, वन, अरण्य, गहन, कांतार, बीहड़, विटप।।
• जल — नीर, सलिल, उदक, अम्बु, तोय, जीवन, वारि, पय, मेघपुष्प, पानी, वन जीवम, पुष्कर, सारंग, रस, पात, क्षीर, धनरस, वसु, अम्भ, शम्बर, अमृत, पानीय, अप।
• जन्म — उद्भव, उत्पति, आविर्भाव, पैदाइश।
• जहर — विष, गरल, हलाहल, कालकूट, गर।
• जवान — युवा, युवक, तरुण, किशोर।
• जीभ — जिह्वा, रसना, रसज्ञा, रसिका।
• जीव — प्राणी, प्राण, चैतन्य, जान।
• झरना — प्रपात, निर्झर, उत्स, स्रोता।
• झूठ — असत्य, मिथ्या, मृषा, अनृत।
• झोँपड़ी — कुंज, कुटिया, पर्णकुटी।
• तलवार — असि, चन्द्रहास, खड़्ग, कृपाण, करवाल, खंग।
• तरकस — तूणीर, निषंग।
• त्वचा — चर्म, चमड़ी, खाल, चाम।
• तालाब — सरोवर, जलाशय, सर, पुष्कर, पोखरा, जलवान, सरसी, तड़ाग, पद्माकर, हृद, कासार, पल्वल, पुष्पकरण, सरस, सरक, सरस्वत, सत्र, सारंग।
• तारा — उडु, नखत, नक्षत्र, तारक, तारिका, ऋक्ष, सितारा।
• तोता — शुक, कीर, सुआ, वक्रतुण्ड, दाड़िमप्रिय।
• थोड़ा — कम, जरा, स्वल्प, तनिक, न्यून, अल्प, किँचित, मामूली।
• दर्पण — शीशा, आरसी, आईना, मुकुर।
• दल — समूह, झुण्ड, झल, निकर, गण, तोम, वृन्द, पुंज।
• दरिद्र — गरीब, विपन्न, धनहीन, निर्धन, कंगाल।
• दाँत — दन्त, रद, दशन, रदन, द्विज, मुखक्षुर।
• दिन — वासर, वासक, दिवस, दिवा, अह्न, आह्न, अर्हि, अहः, वार।
• दुःख — पीड़ा, क्लेश, वेदना, यातना, खेद, कष्ट, व्यथा, शोक, यन्त्रणा, सन्ताप, संकट, श्वेद, क्षोभ, विषाद, उत्पीड़न, पीर, लेश।
• दुर्गा — चंडिका, भवानी, कुमारी, कल्याणी, महागौरी, कालिका, शिवा, चामुण्डा, चण्डी, सुभद्रा, कामाक्षी, काली, अम्बा, शेरावाली, ज्वाला, गौरी।
• दूध — क्षीर, पय, दुग्ध, गोरस, सरस।
• देवता — सुर, अजर, अमर, देव, विवुध, गोर्वाण, निर्जर, वसु, आदित्य, लेख, वृन्दारक, अजय, सुमना, अमर्त्य, त्रिदश, ऋभु, सुपर्वा, दिदिवेश, त्रिवौकस, आदितेय।
• देश — वतन, स्थान, मुल्क, क्षेत्र, झर्झरीक।
• दिव्य — अलौकिक, लोकोत्तर, लोकातीत।
• द्रौपदी — कृष्णा, पांचाली, याज्ञसेनी।
• धन — अर्थ, वित्त, सम्पत्ति, द्रव्य, सम्पदा, दौलत, मुद्रा, लक्ष्मी, श्री।
• धनुष — कोदण्ड, चाप, शरासन, कमान, धनु, विशिखासन।
• ध्वजा — ध्वज, निशान, केतु, पताका, झण्डा, वैजयन्ती।
• ध्वनि — आवाज, स्वर, शब्द, नाद, रव।
• धरती — पृथ्वी, उर्वि, वसुन्धरा, अचला, क्ष्मा, कु, भू, क्षोणी, विपुला, जगती, पुहिम, धरा, धरणी, रसा, मही, वसुमति, मेदिनी, गह्वरी, धात्री, क्षिति, भूमि, अनन्ता, अवनि, तृणधरी, धरित्र, रत्नगर्भा।
• नर — व्यक्ति, जन, मनुष्य, मनुज, आदमी, पुरुष, मानव, काम्य, सौम्य, नृ।
• नदी — निम्नगा, कूलकंषा, सरिता, सरि, धुनि, आपगा, सरित, नोचगा, तटिनी, प्रवाहिनी, शर्करी, निर्झरिणी, फूलंकषा, जलमाला, नद, तरंगिणी, रजवती, स्रोतस्विनी, शैवालिनी।
• नकुल — नेवला, महादेव, वंशरहित, युधिष्ठिर का भाई।
• नया — नूतन, नव, नवीन, नव्य।
• नश्वर — नाशवान, क्षणी, क्षणभंगुर, क्षणिक।
• नारद — ब्रह्मर्षि, देवर्षि, ब्रह्मापुत्र।
• नारी — महिला, वनिता, ललना, रमणी, स्त्री, कामिनी, औरत, अबला, तिय, भामा, काम्या, सोम्या, भामिनी, अंगना, कलत्र, तरुणी, त्रिया, प्रमदा, भात्रिनी, बारा, तन्वंगी।
• नाश — विनाश, ध्वंस, क्षय, तबाही, संहार, नष्ट।
• नाव — नौका, तरणी, जलयान, तरी, डोँगी, पोत, पतंग, नैया।
• निँदा — बुराई, अपयश, बदनामी, चुगली।
• नियति — प्रारब्ध, भाग्य, होनी, भावी, दैत्य, होनहार।
• निर्मल — स्वच्छ, शुद्ध, साफ, उज्ज्वल, पवित्र, पावन।
• नौकर — अनुचर, सेवक, किँकर, चाकर, भृत्य, परिचारक, दास।
• पंडित — विद्वान, कोविद, सुधी, मनीषी, बुध, प्राज्ञ, धीर, विचक्षण।
• पहाड़ — पर्वत, अचल, गिरि, नग, भूधर, महीधर, शैल, अद्रि, मेरु, धराधर, नाग, गोत्र, शिखरी, तुंग।
• पक्षी — द्विज, शकुनि, पतंग, अंडज, शकुन्त, चिड़िया, विहंगम, विहग, खग, नभचर, खेचर, पंछी, पखेरू, परिन्दा।
• पवन — अनिल, वात, वायु, बयार, समीर, हवा, मरुत, मारुत, प्रभंजन।
• पति — भर्ता, वल्लभ, स्वामी, बालम, अधिपति, भरतार, अधिईश, कान्त, नाथ, आर्यपुत्र, वर, प्राणाधार, प्राणेश, प्राणप्रिय।
• पत्नी — भार्या, दारा, सहधर्मिणी, वधु, गृहिणी, बहू, कलम, प्राणप्रिया, प्राणवल्लभा, तिय, वामा, वामांगीत्रिया, अर्द्धांगिनी, गृहिणी, कलत्र, कान्ता, अंगना।
• पथ — राह, रास्ता, मार्ग, बाट, पंथ।
• पराग — रज, पुष्परज, केशर, कुसुमरज।
• पत्ता — पर्ण, पल्लव, दल, किसलय, पत्र।
• प्रकाश — रोशनी, आलोक, उजाला, प्रभा, दीप्ति, छवि, ज्योति, चमक, विकास।
• पत्थर — पाषाण, शिला, पाहन, प्रस्तर, उपल।
• प्रातः — प्रभात, सुबह, अरुणोदय, उषाकाल, अहर्मुख, सवेरा।
• पान — ताम्बूल, नागरबेल, मुखमंडन, मुखभूषण।
• पाला — हिम, तुषार, नीहार, प्रालेय।
• पाप — अघ, पातक, दुष्कृत्य, अधर्म, अनाचार, अपकर्म, जुल्म, अनीत।
• पार्वती — गिरिजा, शैलजा, उमा, भवानी, शिवा, शिवानी, दुर्गा, अम्बिका, रुद्राणी, कात्यायिनी, गौरी, शंकरी, अपर्णा, गिरितनया, आर्या, मैनादुलारी।
• प्रेम — प्यार, प्रीति, अनुराग, राग, हेत, स्नेह, प्रणय।
• पिता — जनक, तात, पितृ, बाप, प्रसवी, पितु, पालक, बप्पा।
• पुत्र — बेटा, आत्मज, सुत, वत्स, तनुज, तनय, नंदन, लाल, लड़का, पूत, सुवन।
• पुत्री — बेटी, आत्मजा, तनुजा, सुता, तनया, दुहिता, नन्दिनी, लड़की।
• पेड़ — विटप, द्रुम, तरु, वृक्ष, पादप, रूख, शारणी, भूरुह, शाखी।
• प्यास — पिपासा, तृषा, तृष्णा, तिषा, तिष, पिष।
• प्रसन्न — खुश, हर्षित, प्रसादपूर्ण, आनन्दित।
• फूल — कुसुम, सुमन, पुष्प, मंजरी, प्रसून, फलपिता, पुहुप, लतांत, प्रसूमन।
• बलराम — हलधर, मूसली, रेवतीरमण, हली।
• बसंत — ऋतुराज, माधव, कुसुमाकर, मधुऋतु, मधुमास, मधु।
• बहिन — सहोदरा, भगिनी, सहगर्भिणी, बान्धवी।
• ब्रह्मा — अज, विधि, विधाता, सृष्टा, प्रजापति, चतुरानन, चतुर्मुख, नाभिज, सदानन्द, विरंचि, आत्मभू, स्वयंभू, पद्मयोनि, हिरण्यगर्भ, लोकेश, सृष्टा, अब्जयोनि, कमलासन, गिरापति, रजोमूर्ति, हंसवाहन, धाता।
• बन्दर — वानर, मर्कट, शाखामृग, हरि, लंगूर, कपि, कीश।
• बर्फ — तुषार, हिम, तुहिन, नीहार।
• ब्राह्मण — द्विज, विप्र, अग्रजन्मा।
• ब्याह — शादी, विवाह, परिणय, पाणिग्रहण।
• बाघ — व्याघ्र, शार्दूल, चित्रक, चीता।
• बाज — श्येन, शशदिन, कपोतारि।
• बाण — तीर, शायक, शिलीमुख, नाराच, शर, विशिख, कलाप, आशुग।
• बालू — रेत, बालुका, सैकत।
• बादल — पयोद, वारिद, जलद, नीरद, तोयद, अम्बुद, मेघ, पयोधर, जलधर, अब्द, बलाहक, कन्द, अभ्र, घन, पर्जन्य, वारिवाह, तड़ित्वान, सारंग, जीयूत, घुख।
• बालक — शिशु, बच्चा, शावक।
• बिजली — शम्पा, शतह्रदा, ह्रादिनी, ऐरावती, क्षणप्रिया, तड़ित, सौदामिनी, विद्युत, चंचला, चपला, दामिनी, बिज्जु, बिजुरी, अशनि, क्षणप्रभा।
• बिल्ली — मार्जारी, विलास, विड़ाल।
• बुद्धि — मति, मेधा, धी, मनीषा, प्रज्ञा, अक्ल, विवेक।
• बैल — वृषभ, वृष, ऋषभ, नंदी, शिखी।
• भय — त्रास, डर, आतंक, भीति।
• भैँस — महिषी, कासरी, सैरिभी, लुलापा।
• भ्राता — भाई, बान्धव, सगर्भा, सहोदर, भातृ, तात, बन्धु।
• भाग्य — ललाट, तकदीर, भाग, अंक, भाल, किस्मत।
• भालू — रीछ, जंबू, ऋक्ष्य।
• भिखारी — भिक्षुक, याचक, मँगता, मँगन, भिक्षोपजीवी।
• भौँरा — मधुप, भ्रमर, अलि, मधुकर, षटपद, भृंग, चंचरीक, शिलीमुख, मिलिँद, मारिन्द, मधुलोभी, मकरन्द, द्विरेफ, मधुवत, मधुसिँह।
• मक्खन — नवनीत, लौनी, माखन, दधिसार।
• मछली — मकर, शफरी, मीन, मत्स्य, झख, पाठीन, झष।
• मदिरा — दारू, शराब, सुरा, मद्य, मधु, वारुणी, कादम्बरी, माधव, हाला।
• मांस — आमिष, गोश्त, पलल, पिशित।
• माता — माँ, जननी, अम्बा, धात्री, प्रसू, अम्बिका, प्रसूता, प्रसविनी, प्रसवित्री, मैया, मात, अम्मा, जन्मदायिनी।
• मित्र — संगी, साथी, सहचर, दोस्त, सखा, सुहृद, मीत, मितवा, यार।
• मुख — मुँह, चेहरा, वदन, आनन।
• मुनि — साधु, महात्मा, संत, बैरागी, तापस, तपस्वी, संन्यासी।
• मुर्गा — कुक्कुट, ताम्रचूड़, उपाकर, अरुणशिखा।
• मूर्ख — मूढ़, अज्ञ, अज्ञानी, वालिश।
• मेँढक — मंडूक, दादुर, वर्षाभू, शातुर, दुर्दर, मण्डूक।
• मैना — सारिका, चित्रलोचना, कहहप्रिया, मधुरालय, सारी।
• मोती — मुक्ता, मौक्तिक, सीपज, शशिप्रभा।
• मोर — मयूर, केकी, शिखी, वर्हि, कलाधर, कलापी, कलकंठ, नीलकंठ, सारंग, भुजंगभुक्, शिखाबल, चन्द्रकी, मेघानन्दी, शिखण्डी, क्षितिपति, अधिपति।
• मृत्यु — मौत, निधन, देहान्त, प्राणान्त, मरना, निऋति, स्वर्गवास।
• मोक्ष — मुक्ति, निर्वाण, कैवल्य, अपवर्ग, अमृतपद।
• यमराज — यम, धर्मराज, हरि, जीवनपति, सूर्यपुत्र।
• यमुना — कृष्णा, कालिँदी, सूर्यजा, तरणिजा, तनूजा, अर्कजा, रवितनया, जमुना, श्यामा।
• युद्ध — रण, संग्राम, समर, लड़ाई, विग्रह, आहव, संख्य, संयुग, संगर।
• युवती — किशोरी, तरुणी, श्यामा।
• रक्त — खून, लहू, रुधिर, लोहित, शोणित।
• राम — रघुपति, सीतापति, रघुवर, राघव, दशरथनंदन, दशरथसुत, रघुकुलमणि, सियावर, जानकीवल्लभ, रघुकुलतिलक।
• रावण — दशानन, लंकापति, लंकेश, दशकंध, दशासन।
• राजा — नृप, महीप, नरेश, भूप, नरेन्द्र, भूपति, नृपति, अहिपति, महीपति, भूपाल, राव, अवनिपति, महीश, पार्थिव, महिपाल, अवनीश, क्षोणीव, क्षितिपति, अधिपति।
• राधा — वृषभानुजा, ब्रजरानी, कृष्णप्रिया, राधिका।
• रात्रि — रात, रजनी, निशा, क्षपा, वामा, रैन, यामिनी, शर्बरी, यामा, त्रिभामा, विभावरी, तमी, क्षणदा, तमिसा, राका, सारंग।
• रोगी — बीमार, अस्वस्थ, रुग्ण, व्याधिग्रस्त, रोगग्रस्त।
• लक्ष्मी — कमला, पद्मा, रमा, हरिप्रिया, श्री, इन्दिरा, पद्मासना, पद्मानना, लोकमाता, क्षारोदा, क्षीरोदतनया, समुद्रजा, भार्गवी, विष्णुवल्लभा, सिन्धुजा, विष्णुप्रिया, चपला, सिन्धुसुता।
• लक्ष्मण — लखन, सौमित्र, रामानुज, लषन, शेषावतार, मेघनादारि।
• लता — वेलि, वल्लरी, वीरुध, बेल।
• लहर — तरंग, ऊर्मि, वीचि।
• लोहा — अयस, लौह, सार।
• वर्ष — साल, बरस, अब्द, वत्सर।
• वर्षा — बरसात, पावस, बारिश, वर्षण, बरखा।
• वरुण — अम्बुपति, सागरेश, प्रचेता, समुद्रेश, पाशी।
• वात्सल्य — स्नेह, लाडप्यार, ममता, लालन, शिशु–प्रेम।
• विधवा — पतिहीना, अनाथा, राँड।
• विष्णु — नारायण, केशव, उपेन्द्र, माधव, अच्युत, गरुड़ध्वज, हरि, चक्रपाणि, दामोदर, रमेश, मुरारी, जनार्दन, विश्वम्भर, मुकुन्द, ऋषिकेश, लक्ष्मीपति, विधु, विश्वरूप, जलशायी, सारंगाणि, बनमाली, पीताम्बर, चतुर्भुज, अधोक्षज, पुरुषोत्तम, श्रीपति, वासुदेव, मधुसूदन, मधुरिपु, पद्मनाभ, पुराणपुरुष, दैत्यारि, सनातन, शेषशायी।
• वियोग — बिछोह, विरह, जुदाई, विप्रलंब।
• वीर्य — शुक्र, बीज, जीवन।
• शब्द — ध्वनि, रव, नाद, निनाद, स्वर।
• शत्रु — रिपु, बैरी, विपक्षी, अरि, अराति, दुश्मन, विरोधी, द्वेषी, अमित्र।
• शरीर — देह, तन, काया, कलेवर, वपु, गात, विग्रह, तनु, घट, बदन, अवयव, अंगी, गति, काय।
• शहद — मधु, मकरंद, पुष्परस, पुष्पासव।
• शत्रुघ्न — रिपुसूदन, शत्रुहन, शत्रुहन्ता।
• श्वेत — शुभ्र, ध्वल, सफेद, शुक्ल, वलक्ष, अमल, दीप्त, उज्ज्वल, सित।
• शिकार — आखेट, मृगया, अहेर।
• शिकारी — बहेलिया, अहेरी, व्याध, लुब्धक।
• शिष्ट — सभ्य, सुशील, सुसंस्कृत, विनीत।
• शिव — रुद्र, नीलकंठ, अग्निकेतु, शम्भु, शम्भू, ईश, चन्द्रशेखर, शूली, महेश्वरी, शर्व, शव, भूतेश, पिनाकी, उग्र, कपर्दी, श्रीकंठ, शितिकंठ, वामदेव, विरुपाक्ष, विलोचन, कृशानुरेत, सर्वज्ञ, धूजर्टि, उमापति, पंचानन, ऋतुध्वंसी, स्मरहर, मदनारि, अहिर्बूध्न्य, महानट, गौरीपति, कापालिक, दिगम्बर, गुड़ाकेश, चन्द्रापीड़, श्मशानेश्वर, वृषांक, अंगीरागुरु, अंतक, अंडधर, अंबरीश, अकंप, अक्षतवीर्य, अक्षमाली, अघोर, अचलेश्वर, अजातारि, अज्ञेय, अतीन्द्रिय, अत्रि, अनघ, अनिरुद्ध, अनेकलोचन, अपानिधि, अभिराम, अभीरु, अभदन, अमृतेश्वर, अमोघ, अरिदम, अरिष्टनेमि, अर्धेश्वर, अर्धनारीश्वर, अर्हत, अष्टमूर्ति, अस्थिमाली, आत्रेय, आशुतोष, इंदुभूषण, इंदुशेखर, इकंग, ईशान, ईश्वर, उन्मत्तवेष, उमाकांत, उमानाथ, उमेश, उमापति, उरगभूषण, ऊर्ध्वरेता, ऋतुध्वज, एकनयन, एकपाद, एकलिंग, एकाक्ष, कपालपाणि, कमंडलुधर, कलाधर, कल्पवृक्ष, कामरिपु, कामारि, कामेश्वर, कालकंठ, कालभैरव, काशीनाथ, कृत्तिवासा, केदारनाथ, कैलाशनाथ, क्रतुध्वसी, क्षमाचार, गंगाधर, गणनाथ, गणेश्वर, गरलधर, गिरिजापति, गिरीश, गोनर्द, चंद्रेश्वर, चंद्रमौलि, चीरवासा, जगदीश, जटाधर, जटाशंकर, जमदग्नि, ज्योतिर्मय, तरस्वी, तारकेश्वर, तीव्रानंद, त्रिचक्षु, त्रिधामा, त्रिपुरारि, त्रियंबक, त्रिलोकेश, त्र्यंबक, दक्षारि, नंदिकेश्वर, नंदीश्वर, नटराज, नटेश्वर, नागभूषण, निरंजन, नीलकंठ, नीरज, परमेश्वर, पूर्णेश्वर, पिनाकपाणि, पिंगलाक्ष, पुरंदर, पशुपतिनाथ, प्रथमेश्वर, प्रभाकर, प्रलयंकर, भोलेनाथ, बैजनाथ, भगाली, भद्र, भस्मशायी, भालचंद्र, भुवनेश, भूतनाथ, भूतमहेश्वर, भोलानाथ, मंगलेश, महाकांत, महाकाल, महादेव, महारुद्र, महार्णव, महालिंग, महेश, महेश्वर, मृत्युंजय, यजंत, योगेश्वर, लोहिताश्व, विधेश, विश्वनाथ, विश्वेश्वर, विषकंठ, विषपायी, वृषकेतु, वैद्यनाथ, शशांक, शेखर, शशिधर, शारंगपाणि, शिवशंभु, सतीश, सर्वलोकेश्वर, सर्वेश्वर, सहस्रभुज, साँब, सारंग, सिद्धनाथ, सिद्धीश्वर, सुदर्शन, सुरर्षभ, सुरेश, सोम, सृत्वा, हर-हर महादेव, हरिशर, हिरण्य, हुत।
• शेषनाग — अहीश, धरणीधर, सहस्रासन, फणीश।
• षडयंत्र — कुचक्र, दुरभिसंधि, अभिसंधि, साजिश, जाल।
• संध्या — सायंकाल, गोधूलि, निशारंभ, दिनांत, दिवावसान, पितृप्रसू, प्रदोष, सायम्।
• संसार — जग, जगत्, भव, विश्व, जगती, दुनिया, लोक, संसृति।
• समुद्र — जलधि, सिँधु, सागर, रत्नाकर, उदधि, नदीश, पारावार, वारिधि, पयोधि, अर्णव, नीरनिधि, तोयधि, वननिधि, वारीश, कंपति।
• स्वर्ग — सुरलोक, देवलोक, परमधाम, त्रिदिव, दयुलोक, बैकुण्ठ, गोलोक, परलोक, नाक, द्यौ, इन्द्रलोक, दिव।
• सरस्वती — भाषा, वाणी, वागीश्वरी, इला, विधात्री, भारती, शारदा, वीणाधारिणी, वाक्, गिरा, वीणापाणि, वाग्देवी, वीणावादिनी, ब्राह्मी, वाचा, गिरा, वागीश, महाश्वेता, श्री, ईश्वरी, संध्येश्वरी।
• सखी — सहेली, सजनी, आली, सैरन्ध्री।
• स्तन — उरोज, थन, कुच, वक्षोज, पयोधर।
• स्वामी — ईश, पति, नाथ, साँई, अधिप, प्रभु।
• साँप — सर्प, नाग, अहि, व्याल, भुजंग, विषधर, उरग, पन्नग, फणी, चक्षुश्रुवा, श्वसनोत्सुक, पवनासन, फणधर।
• सिँह — केसरी, शेर, महावीर, हरि, मृगपति, वनराज, शार्दूल, नाहर, सारंग, मृगराज, मृगेन्द्र, पंचमुख, हर्यक्ष, पञ्चास्य, पारीन्द्र, श्वेतपिंगल, कण्ठीरख, पंचशिख, भीमविक्रम, केशी, मृगारि, कव्याद, नखी, विक्रान्त, दीप्तपिँगल, पुण्डरिक, पंचानन।
• सीता — जानकी, भूमिजा, वैदेही, रामप्रिया, अयोनिज, जनकसुता, जनकदुलारी, सिया।
• सुगन्ध — खुशबू, सुरभि, सौरभ, सुवास, तर्पण, सुगन्धि, मदगंध, सुवास, महक।
• सुन्दर — रुचिर, चारु, सुहावन, सौम्य, मोहक, रमणीय, ललित, चित्ताकर्षक, ललाम, कमनीय, रम्य, कलित, मंजुल, मनोज, मनभावन।
• सुन्दरता — लावण्य, सौम्यता, रमणीयता, शोभा, स्त्री, कमनीयता, चारुता, रुचिरता, छवि, कांति, रम्यता, सौन्दर्य, छटा, सुषमा।
• सूर्य — रवि, सूरज, दिनकर, प्रभाकर, आदित्य, दिनेश, भास्कर, दिवाकर, मार्तण्ड, अंशुमाली, दिननाथ, अर्क, तमरि, भूषण, तरणि, पतंग, मित्र, भानू, सविता, छायानाथ, मरीची, दिवसाधिप, विवस्वान, विभावसु, अम्बर, मणि, खग, गभास्तिमान, हिरण्यगर्भ, नक्षमाधिपति, सूर, वीरोचन, पूषण, अर्यमा, चक्रबन्धु, कमलबन्धु, हरि, सप्ताश्व, द्वादशात्मा, ऊष्मरश्मि, असुर, विकर्तन, गृहपति, सहस्रांशु, पद्माक्ष, तेजोराशि, महातेज, तमिस्रहा, जगच्चक्षु, प्रद्योतन, खद्योत, सारंग, मित्र।
• सेना — कटक, सैन्यदल, फौज, वाहिनी।
• सोना — हाटक, कनक, सुवर्ण, कंचन, हेम, कुन्दन, हिरण्य, स्वर्ण, चामीकर, तामरस।
• हंस — मराल, चक्रंग, सूर्य, आत्मा, मानसौक, कलकंठ, मितपक्ष, कारण्डव।
• हनुमान — कपीश, अंजनिपुत्र, पवनसुत, मारुतिनंदन, मारुत, बजरंगबली, महावीर।
• हरिण — मृग, कुरंग, चमरी, सारंग, कृष्णसार, तृनजीवी।
• हाथ — कर, हस्त, पाणि, बाहु, भुजा, भुज।
• हाथी — गज, हस्ती, द्विप, वारण, वसुन्दर, करी, कुन्जर, दंती, कुम्भी, वितुण्डा, मतंग, नाग, द्विरद, सिन्धुर, गयन्द, कलभ, सारंग, मतगंज, मातंग, हरि, वज्रदन्ती, शुण्डाल।
• हिमालय — हिमगिरी, हिमाचल, गिरिराज, पर्वतराज, नगेश, नगाधिराज, हिमवान, हिमाद्रि, शैलराट।
• हृदय — छाती, वक्ष, वक्षस्थल, हिय, उर, सीना।
• त्रुटि — गलती, कसर, कमी, भूल, संशय, अंगहीनता, प्रतिज्ञा–भंग।






Thanks and Regards
Shreenivas Naik,
M.A., M.Ed., M.Phil.
G.P.U.College
Vogga
Bantwal
D.K. 574265
9481758822
9448593978

Jayanand Mittalkod

unread,
Jul 8, 2016, 4:09:38 AM7/8/16
to hind...@googlegroups.com

Kaal me  bare me vishaybhejiye

--
1. Webpage for this HindiSTF is : https://groups.google.com/d/forum/hindistf
Hindi KOER web portal is available on http://karnatakaeducation.org.in/KOER/en/index.php/Portal:Hindi
 
2. For Ubuntu 14.04 installation, visit http://karnatakaeducation.org.in/KOER/en/index.php/Kalpavriksha (It has Hindi interface also)
 
3. For doubts on Ubuntu and other public software, visit http://karnatakaeducation.org.in/KOER/en/index.php/Frequently_Asked_Questions
 
4. If a teacher wants to join STF, visit http://karnatakaeducation.org.in/KOER/en/index.php/Become_a_STF_groups_member
 
5. Are you using pirated software? Use Sarvajanika Tantramsha, see http://karnatakaeducation.org.in/KOER/en/index.php/Why_public_software
सार्वजनिक संस्थानों के लिए सार्वजनिक सॉफ्टवेयर
---
You received this message because you are subscribed to the Google Groups "HindiSTF" group.
To unsubscribe from this group and stop receiving emails from it, send an email to hindistf+u...@googlegroups.com.
To post to this group, send email to hind...@googlegroups.com.
Visit this group at https://groups.google.com/group/hindistf.
To view this discussion on the web, visit https://groups.google.com/d/msgid/hindistf/CAOWNnMFRdA%3DeRwhyB9R%3DdupJQ9PL17yy_H%2BaxhVWdANNcAVS-g%40mail.gmail.com.
For more options, visit https://groups.google.com/d/optout.

Vijayalaxmi Sutar

unread,
Jul 8, 2016, 9:41:20 PM7/8/16
to hind...@googlegroups.com

Badiya sir dhanyavad

VIJAYA H C

unread,
Jul 8, 2016, 10:37:08 PM7/8/16
to hind...@googlegroups.com

व्याकरण बहुत उपयोग सर जी धन्यवाद

--

girija mangi

unread,
Jul 25, 2016, 10:44:36 AM7/25/16
to hind...@googlegroups.com
plz  send hindi ciub ki orse kya  activity kar sakate hai sir

Prasanna Prajwal

unread,
Jul 26, 2016, 12:53:09 AM7/26/16
to hind...@googlegroups.com

Sir,please send  10 poem audio songs.

--

bsammubisanalli

unread,
Jul 26, 2016, 3:53:44 AM7/26/16
to hind...@googlegroups.com
Namaste



Sent from my Samsung Galaxy smartphone.

Vedamurthy Nagaraj

unread,
Jul 26, 2016, 7:53:16 AM7/26/16
to girija mangi, hind...@googlegroups.com
AWS


girija mangi <girij...@gmail.com> wrote:

plz  send hindi ciub ki orse kya  activity kar sakate hai sir
2016-07-09 8:07 GMT+05:30 VIJAYA H C <hcvijay...@gmail.com>:

व्याकरण बहुत उपयोग सर जी धन्यवाद

On 8 Jul 2016 10:58 am, "Shreenivas Naik" <shreenivasnai...@gmail.com> wrote:

पर्यायवाची शब्द
जो शब्द अर्थ की दृष्टि से समान होते हैँ, वे पर्यायवाची शब्द कहलाते हैँ। हिन्दी भाषा मेँ प्रयुक्त होने वाले सभी शब्द अपना स्वतंत्र अर्थ रखते हैँ तथा कोई भी शब्द पूरी तरह से दूसरे शब्द का पर्याय नहीँ होता, फिर भी कुछ समानताओँ के आधार पर इन्हेँ पर्यायवाची मान लिया जाता है। परन्तु स्मरणीय बात यह है कि अर्थ मेँ समानता होते हुए भी पर्यायवाची शब्द प्रयोग मेँ सर्वथा एक–दूसरे का स्थान नहीँ ले सकते। जैसे– मृतात्माओँ के तर्पण के लिए जल शब्द का प्रयोग उपयुक्त है, पानी का नहीँ।

प्रत्येक पर्यायवाची शब्द का वाक्य प्रयोग के अनुसार ही उचित अर्थ बैठता है। अतः भावानुसार इन शब्दोँ का प्रयोग करना चाहिए। पर्यायवाची शब्द गद्य या पद्य साहित्य को पुनरुक्ति दोष से ग्रसित होने से बचाते हैँ।

महत्त्वपूर्ण पर्यायवाची शब्द–
• अंधकार — तम, तिमिर, अँधेरा, अँधियारा, ध्वांत, तमिस्र, तमस।
• अंधा — नेत्रहीन, चक्षुहीन, विवेकशून्य, दृष्टिहीन।
• अहंकार — दर्प, दम्भ, अभिमान, घमण्ड, गर्व, मद।
• अतिथि — मेहमान, पाहुना, आगंतुक, अभ्यागत, बटाऊ।

• अग�

Reply all
Reply to author
Forward
0 new messages